पानीपत। औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में दूसरे चरण की काउंसलिंग व दाखिला प्रक्रिया संपन्न हो चुकी है। आईटीआई में दाखिले के लिए रिकार्ड आवेदन के बाद भी प्रदेश में करीब 76 फीसदी सीटें रिक्त हैं। पहले दो चरणों में मात्र 24 फीसदी सीटों पर ही दाखिले हुए हैं। जीटी रोड स्थित राजकीय आईटीआई पानीपत में भी अब तक महज 42 फीसदी सीटों पर दाखिला हुआ है। आईटीआई में दाखिले के लिए प्रदेश में 86491 जबकि राजकीय आईटीआई में करीब 5300 युवाओं ने आवेदन किया था। रिकार्ड आवेदन के बाद भी युवा आईटीआई में दाखिले को लेकर रूचि नहीं दिखा रहे। हालांकि इलेक्ट्रीशियन, कोपा, फिटर, मशीनिस्ट जैसी ट्रेडों में 50 से 60 फीसदी सीटों पर दाखिले हुए हैं लेकिन कई ट्रेड ऐसी हैं जिनमें 20 प्रतिशत से भी कम सीटों पर दाखिले हुए हैं। यदि अभ्यर्थी आईटीआई की ट्रेडों में दाखिला नहीं लेंगे तो उनका कौशल विकास कैसे होगा।
पहली दो वरीयता सूची के अनुसार प्रदेश की 372 आईटीआई में 20830 अभ्यर्थी दाखिला ले चुके है। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में 18462 अभ्यर्थियों जबकि निजी आईटीआई संस्थानों में 2368 अभ्यर्थियों ने दाखिला लिया है। प्रदेश की सभी आईटीआई में करीब 88 हजार सीटों के मुकाबले मात्र 24 प्रतिशत दाखिले हुए हैं। वहीं, जीटी रोड स्थित राजकीय आईटीआई में 768 सीटों में से 322 अभ्यर्थी दाखिला ले चुके हैं जो कुल सीटों का करीब 42 फीसदी है। राजकीय आईटीआई में अभी 446 सीटें रिक्त हैं। तीसरी वरीयता सूची सात अगस्त को जारी होगी। तीसरे चरण में अभ्यर्थी 07 से 12 अगस्त तक फीस जमा करवा दाखिला सुनिश्चित कर सकेंगे। ऐसे में तीसरे चरण की दाखिला प्रक्रिया में दाखिला प्रतिशत बढ़ने की संभावना है।
दूसरे चरण में हुए मात्र 144 दाखिले
आईटीआई में दाखिला लेने को लेकर दूसरे चरण में विद्यार्थियों में उत्साह में कमी आई है। दूसरे चरण में प्रदेश में करीब 7000 जबकि राजकीय आईटीआई पानीपत में मात्र 144 अभ्यर्थियों ने दाखिला लिया है। दो चरणों में मात्र 24 प्रतिशत दाखिले होने से कौशल विकास एवं प्रशिक्षण विभाग भी चिंतित है। अब तीसरे चरण में दाखिले बढ़ने की उम्मीद है।
वर्जन-
औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में पहले दो चरणों में 322 विद्यार्थियों ने दाखिला लिया है। कुछ ट्रेड ऐसी हैं जिनमें बहुत कम दाखिले हुए हैं। तीसरी मेरिट सूची व सीट अलॉटमेंट सात अगस्त को जारी होगी। विद्यार्थी 12 अगस्त तक फीस जमा करवा दाखिला सुनिश्चित कर सकेंगे। तीसरे चरण में दाखिले को लेकर काफी रुझान देखने को मिलेगा।
- राकेश भाटिया, प्रधानाचार्य, राजकीय आईटीआई, पानीपत।