पानीपत में जिला बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी ने शनिवार को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत का भी बहिष्कार किया है। जिस वकील ने कार्यकारिणी के फैसले को न माना उस पर 21 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा।
हरियाणा के पानीपत में जिला बार एसोसिएशन के फुल हाउस की बैठक शुक्रवार को हुई। यह बैठक जिला बार एसोसिएशन के वरिष्ठ अधिवक्ता मुख्तियार सिंह गुलिया और जसवीर मलिक की तरफ से बार प्रधान को दी गई शिकायत पर हुई। शिकायत में वरिष्ठ अधिवक्ता ने एक न्यायाधीश पर अपमान करने का आरोप लगाया है। जिस आरोप पर वकीलों ने शुक्रवार को अपना वर्क सस्पेंड किया।
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मुख्तियार सिंह गुलिया ने बताया कि कोर्ट में जसवीर मलिक और उनका अन्य अधिवक्ताओं के सामने न्यायाधीश ने अपमान किया। इस संदर्भ में बैठक में शामिल सभी अधिवक्ताओं ने अपने-अपने विचार रखे। जिला बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी ने शुक्रवार को वर्क सस्पेंड रखा और शनिवार को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत का बहिष्कार किया।
इसके अलावा कार्यकारिणी ने फैसला किया कि जो भी वकील उनके इस फैसले को नहीं मानता है तो उसे पर 21 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। इस अवसर पर पूर्व प्रधान शेर सिंह खर्ब, पूर्व प्रधान उमेद अहलावत, पूर्व प्रधान रजनीश, पूर्व प्रधान वेदपाल कादियान समेत अन्य वकील मौजूद रहे।