पानीपत। नया साल ओमिक्रॉन से बचाव को लेकर लापरवाही बरतने वालों पर भारी पड़ेगा। ओमिक्रॉन को लेकर प्रशासन ने सख्ती शुरू कर दी है। उपायुक्त सुशील सारवान ने कहा कि कोरोना के खिलाफ बनाए गए नियमों का उल्लंघन करने वालों को दो वर्ष की कैद के अलावा धारा 188 के तहत 6 महीने की जेल और एक हजार रुपये जुर्माने का प्रावधान किया गया है। नए साल से जिले मेें ‘नो मास्क नो सर्विस ’के नियम भी मान्य होंगे।
नाइट कर्फ्यू के दौरान पुलिस एंबुलेंस, मालवाहक सेवाएं आदि को छूट दी गई है। इसके अलावा कोई भी व्यक्ति बाहर नहीं निकलेगा। इसी प्रकार भीड़ एकत्रित होने पर भी कुछ पाबंदी लगाई गई है। अब इंडोर कार्यक्रम में अधिकतम 50 फीसदी के साथ 200 नागरिक तथा खुले स्थान पर 300 नागरिक एकत्रित हो सकते हैं। इन सभी में कोविड-19 उपयुक्त व्यवहार अपनाना आवश्यक है। धार्मिक स्थलों को एक समय में 50 व्यक्तियों के साथ इस शर्त के साथ खोलने की अनुमति है कि वे अपेक्षित सामाजिक दूरी के मानदंडों, नियमित स्वच्छता और कोविड-19 उपयुक्त व्यवहार मानदंडों का पालन करेंगे।
उपायुक्त ने बताया कि विदेश से आने वाले नागरिकों पर लगातार निगरानी की जा रही है। सिविल एविएशन से आने वाली सूची के अनुसार उन नागरिकों को क्वारंटीन किया जा रहा है। सरकार की ओर से आदेश जारी कर स्पष्ट किया गया है कि 1 जनवरी, 2022 से पूरी तरह वैक्सीनेटेड नागरिक ही सार्वजनिक स्थान तथा सरकारी कार्यालयों में प्रवेश पा सकेंगे। जिला में सभी नागरिकों की वैक्सीनेशन हो इसके लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने लगातार सभी स्वास्थ्य केंद्रों तथा विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर टीकाकरण कर रही हैं।