हरियाणा के पानीपत में कमरे में अंगीठी जलाकर सो रहे नव दंपती सुबह बेसुध मिले। मंगलवार की सुबह परिजनों ने दरवाजा तोड़कर दोनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सक ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिजनों व ग्रामीणों ने दोनों का अंतिम संस्कार कर दिया।
दुखद पहलू यह भी है कि एक दिन पहले सोमवार को युवक के पिता की तेरहवीं थी और अगले दिन पत्नी संग उसकी भी मौत हो गई।
बबैल गांव निवासी राजबीर ने बताया कि उसका छोटा भाई गुरमीत (27) एल्यूमीनियम दरवाजे बनाने का काम करता था। वो पांच भाइयों में चौथे नंबर का था। हाल ही में 23 दिसंबर को गुरमीत की पानीपत के रामनगर की तन्नू से शादी हुई थी। इसके बाद हाल ही में उसके पिता कृष्ण कुमार की अस्थमा से मौत हो गई थी, जिनकी सोमवार को तेरहवीं थी।
इस दौरान दिनभर गुरमीत तेरहवीं में काम करता रहा। सभी काम कराने के बाद लगभग 11 बजे वो अपनी पत्नी तन्नू के साथ सोने के लिए कमरे में चला गया। उनके कमरे में अंगीठी जल रही थी। मंगलवार की सुबह आठ बजे तक गुरमीत और तन्नू नहीं उठे तो परिजनों ने दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई।
इस पर उन्होंने दरवाजा तोड़ा तो दोनों बेड पर बेसुध पड़े थे। परिजन दोनों को लेकर नागरिक अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिजन दोनों के शवों को वापस गांव में ले गए। तरह-तरह की चर्चाओं के बीच परिजनों व ग्रामीणों ने स्वेच्छा से दोनों के शवों का अंतिम संस्कार कर दिया।
पति-पत्नी अंगीठी जलाकर सोए थे, दम घुटने से मौत : सरपंच
पति पत्नी कमरे में अंगीठी जलाकर सोए थे। धुएं में दम घुटने से दोनों की मौत हुई है। दोनों के सोने के बाद कमरे में क्या हुआ इसका किसी को पता नहीं है। परिजनों ने आपसी सहमति से बिना पोस्टमार्टम के अंतिम संस्कार करने की स्वीकृति दी थी।
पुलिस को ऐसी कोई सूचना नहीं मिली : एसएचओ
दंपती की मौत के संबंध में कोई सूचना या शिकायत नहीं मिली है। बिना शिकायत या बयान के वो ऐसे कुछ नहीं बता सकते। मौत कैसे हुई है, इस बारे में तो परिजन व ग्रामीण ही बता सकते हैं।
बिलासा राम, प्रभारी सेक्टर 13-17 पुलिस थाना
कभी अलाव जलाकर न सोएं : डॉ. सुखदीप
कमरे में कभी अलाव जलाकर न सोएं। इससे निकलने वाली कार्बन मोनोक्साइड जान लेवा होती है। इसके पार्टिकल सांस के नली में जम जाते हैं, जिससे सांस रुक जाती है। कई बार व्यक्ति उठ भी नहीं पाता है। इसको कार्बन मोनोक्साइड प्वाइजनिंग बोलते हैं।
- डॉ. सुखदीप कौर, इमरजेंसी मेडिसिन फिजिशयन, नागरिक अस्पताल