पानीपत। राजस्व विभाग से सेवानिवृत एक अधिकारी को युवती ने न्यूड वीडियो कॉल कर अश्लील वीडियो बना ली और उसे सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। फिर सीबीआई अफसर बन एक आरोपी ने पीड़ित अधिकारी को फोन कर इस संबंध में शिकायत मिलने का झांसा दिया। साथ ही एक नंबर देकर तत्काल उसे वीडियो हटवाने की सलाह दी। सोशल मीडिया से वीडियो हटाने के नाम पर आरोपियों ने उससे 22.50 लाख रुपये ठग लिए। ठगी का अहसास होने के बाद पीड़ित ने इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी, जिसके बाद केस दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस को दी शिकायत में पीड़ित ने बताया कि 25 फरवरी 2023 को उनके पास देर शाम एक अज्ञात नंबर से वीडियो कॉल आई। उसने कॉल उठाई तो सामने बिना कपड़ों के एक लड़की थी, उसने तुरंत कॉल काट दी और नंबर ब्लॉक कर दिया। घटना के दो दिन बाद उसके पास एक अज्ञात नंबर से फोन आया, जिसने कहा कि वह दिल्ली सीबीआई से बात कर रहा है। उसने कहा कि आपके खिलाफ शिकायत आई है, लेकिन जांच करने पर पता चला कि आप सज्जन व्यक्ति हैं। खुद को सीबीआई अफसर बताने वाले व्यक्ति ने कहा कि आपकी यू-टयूब पर लड़की के साथ एक फोटो-वीडियो चल रही है, उसको हटवा लें। उसने इसके लिए कथित यू-ट्यूब मैनेजर का नंबर भी दिया। जब दिए गए नंबर पर बात हुई तो उसने खुद को यू-ट्यूब का मैनेजर बताया। आरोपी ने कहा कि यू-ट्यूब से वीडियो हटाने के लिए एक लाख रुपये लगेंगे। उसने एक लाख रुपये 27 फरवरी को उसके खाते में ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद उसने कहा कि इंस्टाग्राम पर भी वीडियो चल रही है, जहां से हटाने के लिए छह लाख छह हजार रुपये लगेंगे। उसने यह रुपये भी ट्रांसफर कर दिए। फिर टेलीग्राम, फेसबुक आदि ऐप से वीडियो हटाने के लिए 15.50 लाख रुपये खाते में ट्रांसफर करा लिए। कुल 22.50 लाख रुपये खाते में ट्रांसफर कराने के चार दिन बाद आरोपियों ने फिर फोन किया और दोबारा इतने ही रुपयों की मांग की तो उसे शक हुआ। उसने परिवार से इस संबंध में बातचीत की और मामले की शिकायत साइबर थाना पुलिस को दी, जिस पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है।
सीबीआई अफसर बनकर बात करने वाले युवक ने विश्वास जीतने के लिए पीड़ित के पास अपने आईडी कार्ड भी भेजे। इसके अलावा थाने में आए शिकायतकर्ताओं की फोटो भी शेयर की, जिससे उन्हें विश्वास हो गया। उसके बाद उसने यू-ट्यूब वाले का नंबर दिया। संपर्क करने पर उसने भी स्वयं को यू-ट्यूब मैनेजर बताया और आईडी कार्ड भेजा। साथ ही आधार कार्ड भी दिया, जिससे उन्हें विश्वास हो गया।
पीड़ित की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, जिस नंबर से वीडियो कॉल आई थी और जिन नंबरों से ठगों ने फोन किया उनकी जांच की जा रही है। जिस खाते में रुपये ट्रांसफर हुए हैं, उसकी भी जानकारी जुटाई जा रही है।
-इंस्पेक्टर अशोक कुमार, प्रभारी, साइबर क्राइम थाना