पानीपत। हाउस की बैठक के दौरान अपनी बात रखती हुई मेयर अवनीत कौर, और साथ में मौजूद मेयर विधायक प्रमो?
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पानीपत। ताऊ देवी लाल कांप्लेक्स के बंद सभागार में मंगलवार को इस बार नगर निगम सदन की बैठक जरूर की गई लेकिन अधिकारियों और सदन प्रतिनिधियों की ये प्लानिंग भी पार्षदों के हंगामे को रोक नहीं सकी। बैठक के बाहर कांग्रेस पार्टी की महिला मोर्चा ने हंगामा किया तो बैठक के अंदर भाजपा के पार्षद अधिकारियों और सदन प्रतिनिधियों पर जमकर बरसे। कई पार्षदों ने बैठक में जोर-शोर से अपने मुद्दे उठाने का प्रयास किया तो टोका गया, जिससे नाराज होकर तीन महिला पार्षदों ने बैठक को बीच में ही छोड़ दिया। इन हालातों में शहरी विधायक प्रमोद विज भी बैठक को बीच में छोड़कर चले गए। कई बार हंगामा इतना बढ़ा कि बैठक में मौजूद पार्षदों और निगम अधिकारियों को बीच बचाव कर उसे शांत करवाना पड़ा। इस दौरान एक पार्षद को इतना गुस्सा आया कि उनके मुंह से कुछ आपत्तिजनक तक निकल गए।
चार घंटे तक चली सदन की बैठक में केवल कुछ ही मुद्दों पर विचर-विमर्श किया गया। विधायक की ओर से प्रस्तावित मुद्दों का नंबर तक नहीं आया। विधायक ने सदन की संचालन पर प्रश्नचिह्न लगाते हुए बैठक को ही छोड़ना उचित समझा। उन्होंने माना कि सदन के संचालन में कमी है। पार्षदों को अपनी बात रखते हुए संयम बरतना चाहिए। उन्होंने कहा कि मीडिया को बाहर रखने के बाद भी बैठक वैसे ही चली। इससे वे स्पष्ट तौर पर नाखुश हैं।
निगम अधिकारी और मेयर कर रहीं मनमर्जी, बंद कमरे में बैठक क्यों : कांग्रेस
निगम अधिकारियों, मेयर और पार्षदों ने बंद कमरे में सदन की बैठक क्यों की? मीडियो को बैन क्यों किया? शहर की जनता से क्या छुपाने का प्रयास किया जा रहा था? ऐसे में शहर के पार्षद, मेयर जनता से कैसे आंख मिला पाएंगे? इन्हीं सवालों के साथ सदन के बाहर प्रदर्शन किया गया है। अबकी बार तो सिर्फ प्रदर्शन किया है। अगली बार मीडिया को बैन किया तो आंदोलन होगा। सदन की बैठक के अंदर तक जाकर दिखाएंगे, उसके बाद देखेंगे क्या करना है। शहरी विधायक से ये अपील है कि जो कुछ हो रहा उसे रुकवाएं।
मेयर के पास किए 22 प्रस्ताव, शहरी विधायक के मुद्दों का दिया जाएगा जवाब
नगर निगम सदन की बैठक में मेयर की ओर से 24 मुद्दे प्रस्तुत किए गए थे। इनमें से 22 मुद्दों को पास किया गया है। जबकि शहरी विधायक की ओर से 20 प्रस्ताव रखे गए थे। इन पर चर्चा ही नहीं हुई। निगम अधिकारियों और मेयर ने कहा कि विधायक की ओर से भेजे गए मुद्दों के सवालों का निगम की ओर से जवाब दिया जाएगा। इसके अलावा सीनियर डिप्टी मेयर की और से एक एजेंडा रखा गया था। बाकी 89 मुद्दे वार्ड पार्षदों की ओर से दिए गए थे। इसके अलावा मनोनीत पार्षद नरेंद्र सूरा की ओर से भी सदन में दो मुद्दे रखे गए। मेयर अवनीत कौर ने बताया कि सदन की बैठक में पास किए गए सभी प्रस्तावों का प्रोसीडिंग के 15 दिन बाद फीडबैक लिया जाएगा।