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Panchkula News: नशे के दलदल में धंस रहे युवा कर रहे अपराध, परिवार से हो रहे दूर

Mon, 24 Mar 2025 12:48 AM IST
चंडीगढ़ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पंचकूला
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प्रतीकात्मक
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रोज करीब 70 मरीज इलाज के लिए आ रहे सिविल अस्पताल
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संवाद न्यूज एजेंसी
पंचकूला। शहर के कई युवा नशे के दलदल में धंसते जा रहे हैं। हालात इतने गंभीर हैं कि पंचकूला के सेक्टर-6 स्थित सरकारी सिविल अस्पताल में रोज करीब 60 से 70 लोग इलाज के लिए आते हैं। इनमें अधिकतर संख्या युवाओं की है। नशे के शिकार ऐसे युवा भी हैं, जो समृद्ध परिवारों के हैं और अच्छी खासी एमबीए जैसी डिग्री लेकर पासआउट हैं। डॉक्टरों का कहना है कि इनमें से अधिकतर युवा इंजेक्टेड, चिट्टा, स्मैक, अफीम और मेडिकल ड्रग्स के आदी हैं। इन्हें नशा नहीं मिलता है तो चोरियां व अन्य वारदात करते हैं। कई युवाओं से परेशान होकर परिजन उन्हें बेदखल तक कर चुके हैं। घर से निकालने के बाद वह परिवार से दूर हो गए हैं।
सिविल अस्पताल के डॉक्टर एमपी शर्मा के अनुसार पंजाब-हरियाणा बॉर्डर के शहरों में नशे की समस्या अधिक दिख रही है। पंचकूला की बात करें तो राजीव कॉलोनी, माजरी चौक और अर्बन सेक्टर सहित शहर से सटे गांवों में नशे का बाजार तेजी से फैल रहा है।
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25 से 28 साल के युवा सबसे ज्यादा शिकार
अस्पताल प्रशासन के मुताबिक नशे की चपेट में आने वाले अधिकतर युवा 25 से 28 साल की उम्र के हैं। जिनमें कुछ शादीशुदा, कॉलेज और स्कूल के छात्र भी शामिल हैं। डॉक्टरों का कहना है कि कई मामलों में नशे के कारण युवाओं की मानसिक स्थिति बिगड़ रही है। जिनमें से कई चोरी और लूट जैसी घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। कई समृद्ध परिवार और शिक्षित होने के बावजूद कचरा तक उठा रहे हैं। यहां तक कि नशे के आदी युवा परिवार से मारपीट भी करते हैं।

केस नंबर-1: बेटे ने बेचा घर का सामान
25 वर्षीय सौरभ (बदला हुआ नाम) बीते तीन वर्षों से नशे का आदी हो गया था। शुरुआत दोस्तों के दबाव में नशा किया लेकिन धीरे-धीरे लत इतनी बढ़ गई कि परिवार के गहने और घर का सामान तक बेच दिया। माता-पिता ने समझाने की कोशिशें कीं। इलाज के लिए भी ले गए लेकिन वह हर बार घर से भाग जाता। अब हालात ये हैं कि वह सड़क पर दर-दर भटकने को मजबूर है। नशे के लिए वह कोई भी काम करने को तैयार हो जाता है।
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केस नंबर-2: अच्छी नौकरी छोड़ नशे में फंसा युवक
हिमाचल बॉर्डर में रहने वाले 30 वर्षीय अमन (बदला हुआ नाम) पहले एक निजी कंपनी में काम करता था। नशे की लत ने जिंदगी बबार्द कर दी। उसने नौकरी छोड़ दी और नशे के लिए उधार लेने लगा। जब पैसे नहीं मिले तो चोरियां करने लगा। घर वालों ने कई बार उसे सुधारने की कोशिश की लेकिन हर बार वह नशे की दुनिया में चला जाता। युवक ने कंपनी से भी लोन ले रखा है।
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