एक घंटे के भीतर 90 श्रद्धालुओं को मां के दर्शन करवाने की व्यवस्था की गई है। बताया कि एक बार में करीब दस श्रद्धालु मंदिर में प्रवेश कर सकेंगें। जोकि मंदिर में विछे दस मेट जोकि सोशल डिस्टेंसिंग व नंबरों के साथ रखी गई हैं पर खड़े होकर लाइन के आधार पर दर्शन करेंगे। मंदिर में यदि आरती अथवा किसी कारणवश संख्या बढ़ जाती तो मंदिर के सामने बने हाल में उनको नंबर वाइस खड़े करने का प्रबंध किया गया है।
श्रद्धालु मंदिर में किसी भी मूर्ति व जगह को हाथ नहीं लगाएंगे । बताया कि श्रद्धालु मंदिर के मेन गेट के सामने गल्ले में चढ़ावा चढ़ा सकते हैं। एंट्री होने के बाद श्रद्धालु को दर्शन के लिए 20 सेकेंड का समय मिलेगा। वहीं मंदिर में मौजूद मुख्य पुजारी हेड शील्ड लगाए हुए होंगे।
मंदिर में न मिलेगा न चढ़ेगा प्रसाद
मंदिर सचिव ने बताया कि मंदिर में किसी भी तरह का प्रसाद न तो चढ़ाया जाएगा न ही श्रद्धालुओं को दिया जाएगा। शिवालय पर भी जल व दूध भी नहीं चढ़ेगा। मंदिर के किसी भी स्थान को छूने पर रोक है। समय-समय पर मंदिर को सैनिटाइज किया जाएगा। दस साल से छोटी आयु के बच्चे व 65 साल से अधिक आयु वाले बुजुर्ग बाहर निकलने से बचें। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान श्रद्धालुओं ने जो संयम और एकाग्रता का परिचय दिया है उसके लिए मंदिर प्रशासन उनका आभार प्रकट करता है।
श्री माता मनसा देवी मंदिर के कपाट 8 जून से श्रद्धालुओं के लिए खुल जाएंगे। मंदिर के कार्यकारी अधिकारी एमएस यादव ने बताया कि सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखकर मंदिर परिसर में लोग दर्शन कर सकेंगे। इसमें पास के द्वारा इंट्री दी जाएगी। सोशल डिस्टेंसिंग के साथ लोगों को कोरोना से जागरूक करने के लिए मंदिर परिसर के बाहर बोर्ड भी लगाए जाएंगे।
उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा है कि लोग मंदिर खुलने पर सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखकर मंदिर में आएं। मंदिर में दर्शन के लिए बाकायदा प्रशासन की ओर से पास की अनुमति ली जाएगी। इसके बाद ही मंदिर दर्शन के लिए खोला जाएगा। मंदिर में भक्तों की थर्मल स्क्रीनिंग के बाद दर्शन करने की इजाजत दी जाएगी। यहां पर थर्मल स्क्रीनिंग करने के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम तैनात होगी।
मनसा देवी मंदिर को नगर निगम की टीम की तरफ से सैनिटाइज किया जाएगा। इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग की ओर से अगर किसी में खांसी, जुकाम, बुखार की शिकायत मिली तो उसे मंदिर में दर्शन से रोका जाएगा।
शहर के मंदिर खोले जाएंगे
पंचकूला शहर के सभी मंदिरों को 8 जून से खोले जाने की तैयारी है। यहां पर मंदिरों को खोले जाने से पहले 8 जून को यज्ञ किया जाएगा। यज्ञ के साथ मंदिरों को खोला जाएगा। मंदिर में सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखकर ही लोग दर्शन के लिए आएंगे। मंदिर में लोगों को मॉस्क के बिना एंट्री नहीं दी जाएगी।
शहर के सभी मंदिरों में मास्क लगाने के साथ ही लोगों को हैंड सैनिटाइजर भी उपलब्ध कराया जाएगा। लोगों को कोरोना से बचाने के लिए सभी मंदिरों में गाइडलाइन भी लगाई गई हैं। मंदिरों के पुजारियों की ओर से भी लोगों को जागरूक किया जाएगा। इसके लिए पूरी तैयारी की जा चुकी है। सेक्टर-16 सनातन धर्म मंदिर के पंडित ललित मोहन पुरोहित ने बताया कि दर्शन की शुरुआत यज्ञ के साथ की जाएगी।
इसके साथ ही मंदिर परिसर में सैनिटाइजिंग की व्यवस्था भी की जाएगी। मंदिर को हर घंटे सैनिटाइज किया जाएगा। मंदिर को सैनिटाइज करने के साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग का भी लोगों को ध्यान रखने के लिए गाइडलाइन दी जाएगी। शहर के सभी मंदिरों में यह व्यवस्था की गई है। इसके लिए मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों की बैठक भी की जा चुकी है।