पंचकूला। ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर राष्ट्रव्यापी हड़ताल दूसरे दिन पंचकूला डिपो में ज्यादा असरदार रही। सोमवार को शाम चार बजे तक जहां 104 बसें चलाई गई थीं, वहीं मंगलवार को केवल 84 बसें ही डिपो से बाहर निकलीं। कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और वादाखिलाफी का आरोप लगाया। मंगलवार को जनवादी महिला समिति, एचएसवीपी, नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, बिजली निगम, आशा वर्कर सहित कई विभागों के कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए और नारेबाजी कर बस स्टैंड पहुंचे।
हड़ताल को फेल करने के लिए पंचकूला डिपो के अधिकारियों ने खासी मशक्कत की, मगर इसके बावजूद दूसरे दिन हड़ताल पहले दिन से ज्यादा असरदार रही। जिन अधिकारियों पर बसें चलवाने की जिम्मेवारी थी, वे सभी रातभर बस स्टैंड पर ही तैनात रहे। ज्यादातर क्लेरिकल कर्मचारियों के भी हड़ताल में शामिल होने के कारण मंगलवार को कार्यालय में बाबू का काम इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारियों और संविदा के कर्मचारियों ने संभाला। साझा मोर्चा के कर्मचारी नेताओं ने कहा कि लंबित मांगों को लेकर पंचकूला डिपो और कालका सब डिपो के रोडवेज कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए। इस मौके पर डिपो के साझा मोर्चा के नेता श्रवण कुमार जांगड़ा, मनोज कुमार, कुलदीप शर्मा, शमशेर, जयपाल चौहान, सत्यवान, सुखदेव, मनीष कुमार, जितेंद्र, अनिल कुमार, सुनील, मनीष गुज्जर, आजाद, रमेश, बृजेश, योगेश, अनुज, राजेश, प्यारेलाल, बलराज, मुकेश कुमार, सुंदर सहित सैकड़ों कर्मचारियों ने शांति पूर्ण तरीके से हड़ताल में बढ़ चढ़कर भाग लिया।
15 मिनट लेट निकली पहली बस
पंचकूला डिपो से पहली बस निकलने का समय सवा पांच बजे का है। मंगलवार को पहली बस साढ़े पांच बजे निकली। बताया जा रहा है कि बस का चालक समय पर बस स्टैंड नहीं पहुंचा। हालांकि 15 मिनट बाद रोडवेज अधिकारियों ने बस को दिल्ली के लिए रवाना किया। बस में आठ से 10 सवारी थी।
थाने के सामने खड़ी दिखीं बसें
हड़ताल के पहले दिन कर्मचारियों ने आरोप लगाया था कि डिपो से बसों को निकाला तो जा रहा है, मगर उनको शहर में ही चक्कर कटवाकर वापस बस स्टैंड में खड़ा कर दिया जा रहा है। उन्हें दूसरे शहरों को नहीं भेजा जा रहा। मंगलवार को जब इस बात की पड़ताल की गई तो तीन बस सेक्टर-5 पुलिस थाने के सामने खड़ी मिली। तीनों बसों के कर्मचारी एक बस में बैठकर गप्पे मार रहे थे।
डिपो में 114 बस सरकारी और 20 किलोमीटर स्कीम की
हरियाणा रोडवेज के पंचकूला डिपो में कुल 134 बसें हैं। इनमें से 114 बसें हरियाणा रोडवेज की और 20 बसें किलोमीटर स्कीम की हैं। 114 में से पांच बसें ट्रेनिंग स्कूल में लगाई गई हैं और 24 मिनी बसें हैं। खराब होने के कारण चार बसें हमेशा वर्कशॉप में खड़ी रहती हैं।