कैप्टन अमरिंदर सिंह (फाइल फोटो)
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पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शनिवार को कहा कि कथित स्कॉलरशिप घोटाले की जांच मुख्य सचिव विनी महाजन करेंगी और जो कोई भी दोषी पाया जाएगा, उसे कानून के अनुसार सजा और जुर्माना किया जाएगा, चाहे वह सरकार के अंदर या बाहर किसी भी पद पर बैठा हो। उन्होंने जोर देकर कहा कि कानून अपना काम करेगा।
कैप्टन ने कहा कि निष्पक्ष पड़ताल और पूर्ण जांच के बिना किसी को भी दोषी नहीं ठहराया जा सकता। जिस कारण कैबिनेट मंत्री साधु सिंह धर्मसोत को भी दोषी नहीं कहा जा सकता। मुख्यमंत्री ने कहा, ‘यहां कानून का राज है जिसका पालन किया जाना चाहिए।’ उन्होंने कहा कि वह इस मामले में विरोधी पक्ष के दबाव के आगे नहीं झुकेंगे। किसी को भी बचाने या छिपाने का सवाल ही नहीं पैदा होता और इस मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।
विधानसभा में आप और लिप का शोरशराबा अनुचित
मुख्यमंत्री ने कहा कि आम आदमी पार्टी इस मामले में बिना जांच के साधु सिंह धर्मसोत पर आरोप लगाकर शोर मचा रही है। आप और लोक इंसाफ पार्टी के विधायकों द्वारा शुक्रवार को विधानसभा में शोरशराबा करने को अनुचित बताते हुए कैप्टन ने पूछा, ‘क्या हम अराजकता के माहौल में रह रहे हैं, जहां कानून का कोई नियम नहीं?’ मुख्यमंत्री ने पूछा, कि क्या आप सचमुच मुझसे यह आशा रखते हैं कि बिना किसी जांच के अपने मंत्री के खिलाफ कार्रवाई करूं, जबकि मैंने विरोधी पक्ष के कई नेताओं के खिलाफ ऐसा नहीं किया। उन्होंने कहा कि साधु सिंह धर्मसोत खुद पहले ही कह चुके हैं कि वह इस मामले में हर जांच के लिए तैयार हैं।