चंडीगढ़। रविवार को हरिमंदिर साहिब में दर्शन के लिए हाईकोर्ट जज की सुरक्षा में मौजूद पर्सनल सिक्योरिटी ऑफिसर (पीएसओ) एएसआई अश्वनी कुमार की पिस्तौल छीन कर आत्महत्या के मामले को सुरक्षा में चूक मानते हुए हाईकोर्ट ने मामले का संज्ञान लिया है। हाईकोर्ट ने इसे गंभीर विषय मानते हुए डीजीपी को तलब कर लिया है। रविवार को जस्टिस एनएस शेखावत दर्शन के लिए हरिमंदिर साहिब पहुंचे थे। इस दौरान उनकी सुरक्षा में मौजूद लोग भी वहां मौजूद थे। एएसआई अश्वनी एस्कार्ट वाहन के साथ ही मौजूद थे। अचानक एक व्यक्ति आया और उसने एएसआई की पिस्तौल छीन ली। कोई कुछ समझ पाता इससे पहले उसने खुद को गोली मार ली। आनन-फानन में सिक्योरिटी में मौजूद लोगों ने जज को सुरक्षित किया।
इस घटना को लेकर हिंदी व अंग्रेजी अखबारों में प्रकाशित समाचार पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने संज्ञान ले लिया है। हाईकोर्ट ने कहा कि यह सीधे तौर पर सुरक्षा में चूक का मामला बनता है जो गंभीर विषय है। ऐसे में हाईकोर्ट ने अब डीजीपी को तलब कर लिया है। हाईकोर्ट ने बुधवार को उन्हें वीसी के जरिए पेश होने का आदेश दिया है।