पंचकूला। डीजल के थोक और खुदरा मूल्य में भारी अंतर होने की वजह से राज्य सरकार ने रोडवेज की बसों के लिए पेट्रोल पंपों से डीजल खरीदने का फैसला लिया है। 22 रुपये प्रति लीटर का घाटा होने पर सरकार ने नियमों में बदलाव किया है। सरकार के इस फैसले से जहां करीब 40 लाख रुपये की रोजाना बचत होगी, वहीं करीब 12 करोड़ रुपये की बचत हर माह होगी। परिवहन विभाग के ज्वाइंट स्टेट ट्रांसपोर्ट कंट्रोलर ने प्रदेश के सभी रोडवेज जीएम को इस संबंध में पत्र जारी कर दिए हैं।
प्रदेश में हरियाणा रोडवेज के 24 डिपो और 17 सब डिपो हैं। प्रत्येक डिपो में हर रोज औसतन 7500 लीटर डीजल की खपत होती है। परिवहन विभाग की तरफ से अभी तक बसों के लिए डीजल सीधा कंपनियों से खरीदा जा रहा था। पेट्रोल पंपों पर डीजल का भाव 88 रुपये प्रति लीटर है। परिवहन विभाग को यह 92 रुपये प्रति लीटर मिल रहा था। मगर कुछ दिन पहले कंपनियों ने डीजल का भाव बढ़ाकर 110 रुपये कर दिया। सरकार ने भाव में बड़ा अंतर देखकर यह फैसला लिया है। डीजल के दाम इतने ज्यादा बढ़ने पर किराया बढ़ने की आशंका भी जताई जा रही थी। मगर अब संभावना है कि किराया बढ़ोतरी का भार यात्रियों की जेब पर नहीं पड़ेगा।
जीएम की अध्यक्षता में बनेगी समिति
पेट्रोल पंपों से अनुबंध करने के लिए डिपो के जीएम की अध्यक्षता में एक समिति बनाई जाएगी। इसमें डब्ल्यूएम और टीएम सहित अन्य अधिकारियों को शामिल किया जाएगा। समिति को जल्द से जल्द यह फैसला लागू करने के लिए जिले के सभी पेट्रोल पंप मालिकों को आमंत्रित करना होगा। पंप मालिकों से कोटेशन ली जाएगी, जिस पंप का रेट सबसे कम होगा उसके साथ अनुबंध किया जाएगा। अगर एक से अधिक पंप मालिकों के रेट समान हैं तो फिर पंप से दूरी का भी ध्यान रखा जाएगा।
दूरी पांच किलोमीटर से ज्यादा नहीं होनी चाहिए
जिन पेट्रोल पंपों के साथ अनुबंध किया जाएगा उनकी दूरी डिपो से पांच किलोमीटर और सब डिपो से 10 किलोमीटर से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। नई खरीद प्रणाली की 15 दिन बाद समीक्षा की जाएगी। उसके बाद पेट्रोल पंप के साथ आगे अनुबंध जारी रहेगा या नहीं इस पर फैसला किया जाएगा। पंपों पर भीड़ न लगे इसके लिए एक से अधिक पंपों के साथ भी अनुबंध किया जा सकता है।
थोक उपभोक्ताओं के लिए डीजल के दाम में भारी बढ़ोतरी होने पर सरकार ने निजी पेट्रोल पंपों से डीजल खरीदने का फैसला लिया है। इससे परिवहन विभाग प्रतिदिन लाखों रुपये की बचत होगी। इसके लिए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। जल्द से जल्द सभी औपचारिकताएं पूरी कर खरीद शुरू कर दी जाएगी। - मूलचंद शर्मा, परिवहन मंत्री, हरियाणा सरकार