पंचकूला। प्राइवेट अस्पताल में कूल्हे और घुटने का आयुष्मान इलाज बंद होने के बाद सिविल अस्पताल लगातार मरीज बढ़ गए हैं। आयुष्मान के अंदर हरियाणा सरकार की ओर से पेमेंट नहीं किए जाने के कारण यह हालात बने हैं। मरीज बढ़ जाने से ऑपरेशन एक हफ्ते से 10 दिन तक का इंतजार करने के लिए समय दिया जा रहा है। वहीं, मरीजों को वेटिंग का सामना करने के कारण परेशानी हो रही है।
सिविल अस्पताल में रोजना दो सौ मरीज हड्डी की समस्या से आ रहे हैं। इसमें रोजाना तीन मरीज कूल्हे के ऑपरेशन और चार मरीज घुटने के ऑपरेशन के आ रहे हैं। इसमें मरीजोंं को 15 दिन का समय दिया जा रहा है। इस कारण मरीज अस्पताल मेंं आने के बाद लंबे समय तक भर्ती हो रहे हैं। सरकार की ओर से कूल्हे और घुटने के ट्रांसप्लांट के ऑपरेशन के लिए 90 हजार का रेट निर्धारित किया है। इसमें पैसे देरी से मिलने के कारण प्राइवेट अस्पताल ऑपरेशन नहीं कर रहे हैं। वहीं, प्राइवेट अस्पताल की ओर से घुटने और कूल्हे का इलाज दो से ढाई लाख रुपये खर्च है। इसके बाद भी समस्या का निवारण नहीं है।
इलाज के लिए लंबा समय दिया
मेरे घुटने में आठ दिन पहले गंभीर चोट लग गई है। इसका ऑपरेशन किए जाने के लिए डॉक्टर ने कहा है। अभी तक इसका ऑपरेशन नहीं हुआ है। आयुष्मान कार्ड पर ऑपरेशन के लिए बीस दिन का समय दिया है। इस कारण परेशानी हो रही है। -सिम्मी, निवासी बरवाला
कूल्हे के ऑपरेशन में समय लग रहा
मेरा कूल्हे के ऑपरेशन होना है। डॉक्टर ने देखा है। सात दिन से घूम रहे हैं। आयुष्मान कार्ड के तहत इलाज में अभी तक स्थिति साफ नहीं है। इस कारण परेशानी हो रही है। -कुलविंदर सिंह, सेक्टर-4 निवासी
आयुष्मान कार्ड के माध्यम से सिविल अस्पताल में ऑपरेशन और इलाज किया जा रहा है। मरीजों की संख्या पंचकूला के अलावा अन्य राज्यों से भी मरीज आ रहे हैं। ऑपरेशन में वेटिंग न हो इसके लिए डॉक्टरों को निर्देश दिया जाएगा। -डॉ. मुक्ता कुमार, सीएमओ, सिविल अस्पताल