पलवल। कोरोना के नए वैरिएंट को लेकर स्वास्थ्य विभाग गंभीर हो गया है। विभाग ने इसके बचाव के लिए नागरिक अस्पताल में तैयारियां शुरू कर दी हैं। जिला सिविल सर्जन ने हरियाणा सरकार की गाइडलाइन में ओमिक्रॉन से बचाव के लिए जहां अस्पताल प्रशासन से मरीजों के इलाज के लिए सभी संसाधन तैयार रखने तथा अस्पताल में मरीजों के लिए ऑक्सीजन, वैंटीलेटर व अन्य सुविधाएं भी दुरुस्त रखने के आदेश दिए हैं। उन्होंने लोगों से भी इस वैरिएंट से सतर्क रहने की अपील की है। विभाग ने इसके लिए जिले में जागरूकता अभियान भी शुरू कर दिया है तथा लोगों को ओमिक्रॉन के बारे में जागरूक कर उससे बचाव के लिए भी सलाह दी जा रही है।
सिविल सर्जन ने कहा कि कोविड-19 लगातार सभी देशों में कम हो रहा था, लेकिन अचानक से एसएआरएस कोविड 2 ओमिक्रॉन वैरिएंट देखने को मिला है। जिससे बचाव के लिए सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखनी है व कोविड प्रोटोकोल के नियमों के साथ चलना है। तभी कोरोना की लहर से बच पाएंगे। उन्होंने बताया कि 25 नवंबर के स्वास्थ्य मंत्रालय के पत्र के अनुसार ये वैरिएंट साउथ अफ्रीका में पाया गया है। डब्ल्यूएचओ ने इस नए वैरिएंट को ओमिक्रॉन नाम दिया है। सिविल सर्जन ने जानकारी देते हुए पूरे स्टाफ को सतर्क रहने के निर्देश दिए व कोविड वैक्सीनेशन को बढ़ावा देने के लिए जोर दिया।
सिविल सर्जन ने कहा कि कोविड टीकाकरण ज्यादा से ज्यादा करवाएं। जिले में कोई भी व्यक्ति ऐसा न हो जिसका वैक्सीनेशन न हुआ हो। जिलावासियों से अपील करते हुए कहा कि अधिक से अधिक स्वास्थ्य विभाग का सहयोग करें और अपना नैतिक कर्तव्य निभाएं। कोविड-19 टेस्टिंग भी अवश्य करवाएं और और ज्यादा से ज्यादा वैक्सीनेशन करवाएं ताकि कोरोना को खत्म कर सकें। उन्होंने कहा कि यह नया वायरस 12 देशों में पाया जा रहा है यूरोप, साउथ अफ्रीका, ब्राजील, बांग्लादेेश, बोत्सवाना, चाइना, मोरिशिस, न्यूजीलैंड, जिंबाब्वे, सिंगापुर, हॉन्गकॉन्ग व इजराइल। इन देशों से आने वाले लोगों के साथ हमें सख्त रवैया अपनाते हुए कोविड टेस्टिंग व वैक्सीनेशन करवाना सुनिश्चित करना होगा।
बाहरी देशों से आने वाले लोग रहें सात दिन तक क्वारंटीन
जिला सिविल सर्जन ने कहा कि बाहरी देशों से घूमकर आने वाले लोग जांच के दौरान बेशक रिपोर्ट नेगेटिव आए, फिर भी सात दिन तक क्वारिंटन रहें। अगर व्यक्ति ऐसी जगह से आते हैं जो कि हाई रिस्क वाले देश नहीं है तो उसका भी आरटीपीसीआर टेस्ट किया जाएगा अगर वह नेगेटिव आते हैं तो वह 14 दिन तक अपने आप को क्वारंटीन करेंगे और अगर पॉजिटिव आते हैं तो दोबारा जिनोमिक टेस्टिंग सेंपलिंग भेजी जाएंगे और सेंडर कोविड प्रोटोकोल के तहत उसको रखा जाएगा।
कोविड-19 के संक्रमण से बचाव व मदद के लिए लें हेल्पलाइन की सहायता
उपायुक्त कृष्ण कुमार ने बताया कि कोविड-19 कोरोना वायरस से बचाव के लिए हर प्रकार की मदद देने के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। इनमें राज्य स्तरीय नंबर के साथ जिला स्तर के हेल्पलाइन नंबर शामिल हैं। स्टेट हेल्पलाइन नंबर-8558893911 तथा हेल्थ डिपार्टमेंट हेल्पलाइन नंबर-01275-240022 तथा 108 नंबर पर सहायता ली जा सकती है। साथ ही जिला प्रशासन के हेल्पलाइन नंबर-01275-298051 व 01275-248901 पर भी हर संभव मदद के लिए संपर्क किया जा सकता है। इन नंबरों पर संपर्क साध कर 24 घंटे सातों दिन मदद ली जा सकती है।
9 लाख, 64 हजार, 126 लोगों को लगाई जा चुकी वैक्सीन
जिला सिविल सर्जन डॉ. ब्रह्मदीप सिंह ने बताया कि कोविड-19 कोरोना वायरस की पूर्ण रोकथाम के उद्देश्य से सक्रिय रूप से वैक्सिनेशन अभियान चलाया जा रहा है। अब तक जिले में 9 लाख 64 हजार 126 लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाई जा चुकी है। इनमें 6 लाख 56 हजार 305 लोगों को पहली डोज तथा 3 लाख 7 हजार 821 लोगों को दूसरी डोज लगाई गई है। उन्होंने बताया कि इनमें 5 लाख, 20 हजार, 648 पुरूष तथा 4 लाख 43 हजार 285 महिलाएं हैं, जिन्हें वैक्सीन लग चुकी है।