होडल/पलवल। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की मंगलवार से शुरू हुई 10वीं व 12वीं कक्षा की परीक्षाओं में प्रशासन व शिक्षा विभाग के नकल रोकने के प्रयास पूरी तरह से फेल हो गए। परीक्षा के पहले ही दिन केंद्रों पर जमकर नकल हुई। केंद्रों के बाहर नकल फेंकने वालों का जमघट लगा रहा। दिनभर परीक्षार्थियों के लिए पर्ची फेंकते बच्चे से लेकर बड़े तक नजर आए। कोई स्कूलों की छत पर तो कोई स्कूलों के पीछे दीवार पर चढ़कर कागज, किताब फेंकता नजर आया। परीक्षा केंद्रों में ड्यूटी देने वाले सुपरवाइजर भी नकल फेंकने वालों से खासे परेशान रहे।
वहीं उड़न दस्ते जैसे ही परीक्षा केेेंद्रों पर पहुुंचते उससे पहले ही परीक्षार्थियों पर सूचना मिल जाती और वे अपनी नकलों को वापस बाहर फेंकने के लिए खड़े अपने साथियों को पकड़ा देते। सुपरवाइजर भी उन्हें रोकने का प्रयास करते, लेकिन कोई परीक्षार्थी सुनता और न ही नकल फेंकने वाला। उड़नदस्ते के सामने परीक्षा केंद्र में पूरी तरह से शांति दिखाई दी, परंतु उनके जाते ही केंद्रों पर नकल फेंकने वाले दोबारा से एकत्रित होते दिखाई दिए। यह हाल तब था, जब जिला प्रशासन की तरफ से धारा 144 लगाई हुई थी।
तीन मोबाइल को किया जब्त
इससे पहले सुबह पलवल जिले की तीनों विधानसभा क्षेत्रों में एसडीएम, डीएसपी के उड़न दस्ते के अलावा बीईओ, जिला शिक्षा अधिकारी तथा बोर्ड के लोगों ने परीक्षा केंद्रों पर जाकर निरीक्षण किया। होडल में तो एसडीएम प्रताप सिंह ने डीएसपी मौजीराम के साथ शहर के विभिन्न परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान केन्द्रों पर तैनात सुपरवाइजरों से तीन मोबाइलों को जब्त कर विभागीय अधिकारियों को सौंप दिया। अधिकारियों की इस टीम ने एक परीक्षा केंद्र के अंदर दर्जनों लोगों को एकत्रित देख उन्हें चेतावनी देकर बाहर कर दिया।
परीक्षा के पहले ही दिन जमकर कराई गई नकल
परीक्षाओं का मंगलवार को पहला दिन था। स्कूलों में परीक्षा देने वाले छात्रों के अभिभावक अपने बच्चों को परीक्षा में सफलता दिलाने के लिए भिन्न-भिन्न प्रकार के हथकंडे अपना रहे हैं। जिन स्कूलों में बोर्ड की परीक्षाएं चल रही हैं, उन स्कूलों के बाहर सैकड़ों की संख्या में नकल फेंकने वाले युवक खडे़ दिखाई दिए। प्रशासन द्वारा नकल पर रोक लगाने के प्रबंध के बावजूद परीक्षा केन्द्रों पर नकल कराने वालों के हौसले बुलंद हैं। प्रशासन की चेतावनी के बावजूद नकल फेंकने व नकल करने वाले प्रशासन के दावों की पोल खोलते दिखाई दिए। परीक्षा केंद्रों पर पुलिस की कमी के कारण नकल फेंकने वाले लोगों के हौसले बुलंद हैं। प्रशासन द्वारा किए जा रहे दावों को नकल फेंकने वाले ठेंगा दिखाकर जमकर नकल कराने में लगे हैं। जिन स्कूलों में बोर्ड की परीक्षाएं चल रही हैं, उन स्कूलों के बाहर नकल फेंकने वालों का पूरा दिन जमघट लगा रहा। एक केंद्र पर नकल फेंकने वालों का इतना हजूम था कि यहां लोगों को बिजली की तारों से भी भय नहीं था। विद्यालयों की दूसरी मंजिल पर भी नकल फेंकने वालों की भारी भीड़ जमा देखी गई।
प्रशासन का नहीं है भय
नकल करने और कराने वाले भी अब हाइटेक हो चुके हैं। परीक्षा केन्द्रों पर अधिकारियों द्वारा पूरी जांच पड़ताल के बाद भी छात्र और शिक्षक अपने साथ मोबाइल लेकर पहुंच रहे हैं। परीक्षा शुरू होने के थोडी देर बाद ही पेपर आउट होकर परीक्षा केन्द्र से बाहर उपलब्ध हो जाता है और फिर चलता है नकल फेंकने वालों का खेल। नकल फेंकने वाले युवाओं को पुलिस प्रशासन का जरा भी भय नहीं होता है। जब पुलिस की गाड़ी सायरन बजाते हुए स्कूल के निकट पहुंचती है तो कुछ समय के लिए नकल फेंकने वाले युवा मौके से दूर भाग जाते हैं, बाद में वही सिलसिला जारी हो जाता है। जिला प्रशासन द्वारा लगाई गई धारा 144 का खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है।
परीक्षाओं को शांतिपूर्वक कराने के लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर पुलिस कर्मी तैनात किए हुए हैं। केंद्रों पर नकल फेंकने वाले व किसी प्रकार का हंगामा करने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। परीक्षा केंद्रों पर आधा दर्जन उड़न दस्ता की टीमें छापेमारी कर रही है। एक परीक्षा केंद्र के अंदर एक शिक्षक से तीन मोबाइल बरामद कर उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की है।
- प्रताप सिंह, एसडीएम