पटीकरा स्थित कोविड-19 सेंटर से दो कोरोना पॉजिटिव आरोपी फरार हो गये। कुछ देर बाद जब मामले की जानकारी मिली तो कोविड सेंटर प्रभारी व हेल्थ विभाग हरकत में आया। इसके बाद मामले की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस की तीन टीमों का गठन कर दोनों आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
मिली जानकारी के अनुसार 27 जून को सिटी थाना पुलिस नारनौल ने मारपीट व लूट के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था। जिसमें एक आरोपी कोरोना पॉजिटिव मिलने से पटीकरा स्थित कोविड-19 सेंटर में भर्ती किया गया था। दुसरा नांगल चौधरी के गांव नायन निवासी चोरी के आरोप में शनिवार को नांगल चौधरी पुलिस ने गिरफ्तार किया था। जिसकी रिपोर्ट भी कोरोना पॉजिटिव आई थी। दोनों आरोपी पटीकरा स्थित कोविड-19 सेंटर में एक ही वार्ड में भर्ती थे। दोनों ने फरार होने की प्लान बनाकर दोपहर करीब ढाई बजे आरोपी वार्ड के दूसरे गेट को तोड़कर फरार हो गये। दोनों आरोपी अस्पताल के पीछे के गेट से चकमा देकर भाग गये। करीब सवा घंटे बाद टीम जब मरीजों को देखने गई तो एक वार्ड में दो कोरोना मरीज नहीं मिले। इसके कोविड टीम ने आरोपियों को बाथरूम व दूसरी जगहों पर देखा लेकिन आरोपी नही मिले। इसकी जानकारी कोविड सेंटर के प्रभारी को दी। इसके बाद टीम हरकत में आई। जांच में पता चला की दोनों आरोपी अस्पताल के पीछे के गेट से फरार हो गये है। सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि दोनों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दे दी गई है। पुलिस मामले की खोजबीन में जुट गई है।
दूसरी ओर पुलिस प्रवक्ता नरेश कुमार ने बताया कि दो आरोपी पटीकरा कोविड सेंटर में भर्ती थे। आरोपियों दोपहर में फरार होने की सूचना पर तीन टीमों का गठन कर दिया गया है। टीम उनके घर व संभावित जगहों की जानकारी लेकर तलाश में जुट गई है।
मुख्य गेट पर पुलिस कर्मी तैनात, पिछले गेट से फरार
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार दोनों आरोपी वार्ड के एल्यूमिनियन के गेट को तोड़कर आसानी से पीछे से अस्पताल की चारदिवारी कुदकर खेतों से फरार हो गये। जबकि मुख्य गेट की तरफ पांच पुलिस कर्मचारी तैनात थे। दो आरोपियों के भागने पर अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवालियां निशान खड़े हो गये है। पुलिस विभाग ने गंभीर आरोपियों के लिए वार्ड के बाहर व कैंपस के अंदर पुलिस कर्मचारी तैनात नहीं किये गये। अगर पीछे की तरफ पुलिस कर्मचारी तैनात होते तो आरोपी फरार नहीं होते।