फोटो नंबर-25नारनौल की अग्रवाल सभा में भागवत कथा का श्रवण करती महिलाएं।
नारनौल। शहर की नई मंडी स्थित अग्रवाल सभा में चल रही संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन शनिवार को आचार्य पंडित बजरंग शास्त्री ने भागवत कथा में बताया की श्रीमद्भागवत साक्षात नारायण का स्वरूप है और मुक्ति प्रदाता है।
आचार्य ने बताया की घर परिवार का पालन पोषण करना धर्म है, लेकिन हमारी हर एक सांस में प्रभु का नाम स्मरण होता रहे, यही मानव जीवन का परम धर्म है। हम सभी को विश्वास के साथ निस्वार्थ भक्ति करनी चाहिए। आचार्य ने बताया की भगवान नारायण की आज्ञा से ब्रह्मा जी ने सृष्टि का निर्माण आरंभ किया और सर्वप्रथम दस प्रकार की सृष्टि निर्माण का वर्णन किया।
उसके उपरांत ब्रह्मा जी ने शरीर से सृष्टि के पहले पुरुष मनु और शतरूपा को महारानी को प्रकट किया। इन्हीं के द्वारा आगे पूरी सृष्टि कि रचना हुई। हम सभी लोग मनु कि संतान है इसलिए हम सभी मानव कहलाते है आचार्य ने भागवत कथा मे कर्दम देवहूति संवाद, कपिल देवहूति संवाद सुनाया व सती चरित्र का वर्णन किया।