नारनौल। जिले में स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू से बचाव को लेकर अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इस साल अब तक जिले में 11,75,295 घरों की जांच की जा चुकी है। जांच के दौरान जिन जगहों पर डेंगू फैलाने वाले मच्छरों का लार्वा मिला वहां 75 लोगों को नोटिस जारी किए गए हैं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, इस साल अब तक जिले में डेंगू के चार मामले सामने आए हैं जबकि पिछले साल 57 केस मिले थे। विभाग का कहना है कि लोगों को जागरूक करने के साथ-साथ बचाव के इंतजाम भी किए जा रहे हैं।
स्थानीय निकाय विभाग और पंचायतों को फॉगिंग मशीनें तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि जरूरत पड़ते ही तुरंत फॉगिंग करवाई जा सके। इसके अलावा गांवों के जोहड़ों और तालाबों में गैंबूशिया मछलियां छोड़ी जा रही हैं जो मच्छरों के लार्वा को खाकर उन्हें बढ़ने से रोकती हैं।
38 हजार से अधिक संभावित मरीजों की जांच
विभाग के अनुसार वर्ष 2026 में अब तक 38,342 बुखार के मरीजों की जांच की जा चुकी है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र स्तर पर रैपिड रिस्पॉन्स टीमों का गठन किया गया है जो सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई करेंगी।
ये हैं डेंगू के प्रमुख लक्षण
डेंगू होने पर तेज बुखार, सिर दर्द, आंखों के पीछे दर्द, शरीर व जोड़ों में दर्द, उल्टी, कमजोरी और त्वचा पर लाल चकत्ते जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। गंभीर स्थिति में प्लेटलेट्स तेजी से कम होने लगते हैं।
बचाव के लिए बरतें सावधानी
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से घरों में पानी जमा न होने देने, कूलर व पानी की टंकियों की नियमित सफाई करने और पूरी बांह के कपड़े पहनने की अपील की है। इसके साथ ही बुखार आने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करवाएं
कब मिले डेंगू के किसने मरीज
वर्ष डेंगू मरीज
2022 72
2023 44
2024 62
2025 57
वर्जन:
जिले में अब तक चार डेंगू मरीज मिले हैं। वहीं, डेंगू से निपटने के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र स्तर पर रैपिड रिस्पॉन्स टीमों का गठन किया गया है जो सूचना मिलते ही तुरंत कार्रवाई करेंगी।
-डॉ. अशोक कुमार, सिविल सर्जन, नारनौल