महेंद्रगढ़। पिछले एक सप्ताह के दौरान न्यूनतम तापमान में 4 डिग्री और अधिकतम तापमान में सात डिग्री की वृद्धि हुई है। पिछले दो दिनों से क्षेत्र में सुबह की शुरुआत घने कोहरे से हो रही है। शनिवार को सुबह घना कोहरा छाया। 10 बजे के बाद तेज धूप खिलने से लोगों ने राहत की सांस ली। अधिकतम तापमान 27.3 व न्यूनतम 9.8 डिग्री रहा।
मौसम विशेषज्ञों की माने तो आगामी 48 घंटों के दौरान तापमान में दो से तीन डिग्री की वृद्धि होने की संभावना है। इस समय कोहरा छाने से सरसों की फलियों में फफूंद लगने का खतरा बना हुआ है जबकि गेहूं की लिए कोहरा लाभदायक रहेगा। 225275 एकड़ में खड़ी जिला की प्रमुख फसल सरसों इस समय पकने को तैयार है। जबकि गेहूं में भी बालियां आनी आरंंभ हो गईं। हालांकि गत जनवरी में दो चरण में जमे सात दिन के पाले ने सब्जियों की फसलों को बहुत अधिक नुकसान पहुंचा दिया था। वहीं सरसों की फसल भी प्रभावित हुई है। इस बार सरसों का उत्पादन भी प्रभावित हो सकता है। किसान इस समय सरसों व गेहूं की तेजी से सिंचाई में जुटे हुए हैं। अगेती सरसों की फसलों में दाना पकना आरंभ हो गया है।
आगामी दो दिनों में बढ़ सकता है तापमान
कृषि विज्ञान केंद्र महेंद्रगढ़ के मौसम विशेषज्ञ डॉ. दिवेश चौधरी ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभावों के कारण पिछले दो दिन कोहरा छाया रहा। लेकिन आगामी दो दिनों के दौरान मौसम शुष्क रहने और तापमान में 2 से 3 की डिग्री सेल्सियस वृद्धि की संभावना है। इस दौरान अधिकतम तापमान 26 से 29 व न्यूनतम 8 से 14 डिग्री के बीच रहने की संभावना है। वहीं 7 से 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलेगी।
इस समय अगेती सरसों पकाई की ओर है ओर गेहूं में बालियां आनी शुरू हो गई हैं। आगामी दो सप्ताह के दौरान अधिकतम तापमान 26 से 29 डिग्री रहा तो गेहूं का दाना पूर्णरूप से विकसित हो पाएगा। अधिक तापमान होने पर दाना कुछ प्रभावित हो सकता है। गेहूं में अभी बालियों में दाना बनना शुरू हो गया है। इस समय मौसम दोनों ही फसलों के लिए अनुकूल है। सरसों 20 दिनों में पक कर तैयार हो जाएगी।
- डॉ. रमेश कुमार, वरिष्ठ संयोजक, कृषि विज्ञान केंद्र