फोटो संख्या:58-महेंद्रगढ़ किले का निरीक्षण करते पुरातात्विक विभाग की टीम--स्रोत--संवाद
महेंद्रगढ़। महेंद्रगढ किले और माधोगढ़ के किले दिन एक बार फिर फिरने वाले है। लगभग दो वर्ष से बंद पड़े दोनों किलो के जीर्णोद्धार शीघ्र ही पूरा होगा। सोमवार को पर्यटन विभाग की प्रधान सचिव कला रामचंद्रन ने दोनों किलों का निरीक्षण किया। इस मौके पर उन्होंने अधिकारियों को दोनों किलों पर शेष कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।
विभाग की प्रधान सचिव रामचंद्रन ने कहा कि इस प्राचीन धरोहर को पर्यटन के नक्शे पर लाया जाएगा। इस दौरान उन्होंने स्थानीय अधिकारियों को काम रोकने के लिए कारण पूछा है। इस मौके पर हैरिटेज विभाग के उप निदेशक बनानी भट्टाचार्य और पर्यटन विभाग के डीजीएम हरविंद्र सिंह मौजूद रहे।
लंबे समय से महेंद्रगढ़ किले और माधोगढ़ के किलों के जीर्णोद्धार का काम बीच में रोक दिया गया था। सरकार के इसका पूरा बजट मंजूर किया हुआ था, जबकि दोनों किलों के काम अधूरा पड़ा है। प्रदेश सरकार इस पूरे क्षेत्र को टूरिज्म सर्किट के रूप में विकसित करना चाहती है। माधाेगढ़ किले का 60 से 70 प्रतिशत कार्य पुरा हो चुका है। बाहर की साज सज्जा का काम बचा हुआ है। इसके अलावा बिजली और पानी की व्यवस्था की जानी है। महेंद्रगढ़ किले का कार्य भी 50 प्रतिशत पूरा हुआ है इसका जीर्णोद्धार लगभग 13 करोड़ 98 लाख रुपये से किया जाना है।