फोटो संख्या:72- कनीना में श्रीमद्भगावत कथा में प्रवचन सुनती महिलाएं--स्रोत- आयोजक
कनीना। बाबा बिहारी दास मंदिर के निकट गोविंदी बाई आश्रम में संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ हुआ। सातवें दिन श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर हुए। श्रीधाम वृंदावन से कथा व्यास मीरा समदर्शनी ने भगवान श्रीकृष्ण और माता रुक्मिणी के दिव्य विवाह प्रसंग का वर्णन किया। उन्होंने बताया कि रुक्मिणी का श्रीकृष्ण के प्रति अटूट प्रेम और भगवान के चरणों में समर्पण ही सच्चे भक्त का आदर्श है।
श्रीकृष्ण ने रुक्मिणी का हरण कर संदेश दिया कि सच्चे भक्त की रक्षा प्रभु स्वयं करते हैं। श्रीकृष्ण की बाल लीलाएं, कालिय नाग दमन, गोवर्धन धारण जैसे प्रसंग भक्ति का मार्ग दिखाते हैं। मीरा समदर्शनी ने कहा कि भागवत कथा को जीवन में उतारना ही वास्तविक धर्म है क्योंकि सच्चा सुख ईश्वर की भक्ति और सेवा में है। इस अवसर पर नरेश यादव, जॉनी लखेरा सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित थे।