फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महेंद्रगढ़: ओलावृष्टि से 50 गांवों की फसलों में भारी नुकसान, किसान बोले- 80 प्रतिशत तक हो गई फसलें तबाह

Sat, 26 Feb 2022 09:36 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/कनीना/सतनाली (हरियाणा)

सार

नेताओं एवं अधिकारियों ने खेतों में पहुंचकर नुकसान का जायजा लिया। किसानों ने सरकार से मांग की है कि स्पेशल गिरदावरी कर शीघ्र हो मुआवजे की प्रक्रिया पूरी की जाए। महेंद्रगढ़ जिले के उत्तरी क्षेत्र के अधिकांश गांव ओलावृष्टि की चपेट में आए हैं।
विज्ञापन
बारिश व ओलावृष्टि से फसलों को हुआ नुकसान। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

शुक्रवार शाम हो हुई ओलावृष्टि में हरियाणा के महेंद्रगढ़, कनीना व सतनाली क्षेत्र के करीब 50 गांवों में सरसों एवं गेहूं की फसलों में भारी नुकसान हुआ है। किसानों की मानें तो सरसों की फसल में 80 प्रतिशत तक नुकसान की आशंका है। शनिवार को कृषि एवं अन्य विभागों के अधिकारियों ने खेतों में जाकर नुकसान का आंकलन किया।

विज्ञापन


ओलावृृष्टि के कारण जिला की उत्तर दिशा में दस किलोमीटर के दायरे में आने वाले करीब 50 गांवों में अधिक नुकसान हुआ है। शनिवार को पूर्व शिक्षामंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा, उपमंडल अधिकारी दिनेश कुमार, अटेली हल्का विधायक सीताराम यादव, कनीना एसडीएम सुरेंद्र सिंह, उपमंडल कृषि अधिकारी डॉ. अजय यादव सहित कृषि विभाग के अधिकारियों ने विभिन्न गांवों में टीमों के साथ दौरा कर नुकसान का जायजा लिया। 

ये गांव हैं अधिक प्रभावित 
गांव खुडाना, आकोदा, मालड़ा सराय व मालड़ा बास, बवाना, बसई, आकोदा, पाली धोली, जाट, भूरजट, आदलपुर, गढ़ी, सेहलंग, पौता, स्याणा, नोताना, बाघोत, माझेवाली, जाखड़ी, श्यामपुरा, सोहड़ी, बासड़ी, जड़वा, पथरवा, कनीना क्षेत्र के गांव अगिहार, खेड़ी-तलवाना, धनौंदा, झाड़ली, छिथरोली, उच्चत, बाघोत, सिहोर, गुढ़ा, कैमला गाहड़ा, सेहलंग, पाथेड़ा, उन्हाणी, सहित जिला के उत्तरी क्षेत्र के करीब 50 गांवों में अधिक नुकसान है। 
विज्ञापन



एसडीएम ने अधिकारियों को दिए निर्देश 
एसडीएम दिनेश कुमार ने किसानों को आश्वस्त किया कि सरकार के निर्देशानुसार ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों की फसलों का जायजा लिया जा रहा है तथा किसानों को उचित मुआवजा दिलवाया जाएगा। कृषि विभाग के अधिकारियों को ओलावृष्टि के कारण हुए फसलों में नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर अधिकारियों को भिजवाने के निर्देश दिए। एसडीएम दिनेश कुमार ने बताया कि ओलावृष्टि से प्रभावित फसलों की खराब का अनुमान लगाने हेतु गांवो का दौरा कर फसलों का निरीक्षण किया जा रहा है।

पूर्व शिक्षामंत्री ने लिया नुकसान का जायजा 
पूर्व शिक्षा मंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा ने विभिन्न गांवों का दौरा कर ओलावृष्टि से हुए नुकसान का जायजा लिया। क्षेत्र के गांव मालड़ा, बवाना, बसई, आकोदा, खुडाना, पाली, जाट, भूरजट, आदलपुर, धोली, माझेवाली, जाखड़ी, श्यामपुरा, सोहडी, बासडी, जडवा, पथरवा सहित अनेक गांवों का दौरा कर ओलावृष्टि से सरसों, गेहूं व चने की फसल के हुए नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहरलाल से दूरभाष पर बात हो चुकी है। ओलावृष्टि से प्रभावित गांवों का गिरदावरी करा कर उचित मुआवजा दिलाया जाएगा। 
विज्ञापन



विधायक ने किसानों को मुआवजे का दिया आश्वासन
अटेली विधायक सीताराम यादव ने उपमंडल में ओला प्रभावित क्षेत्र का किया दौरा कर अधिकारियों को सर्वे करने के निर्देश दिए। विधायक सीताराम यादव कनीना, पाथेड़ा, कैमला, गुढ़ा, उन्हाणी, चेलावास, सिहोर, झाड़ली, छितरोली, धनौंदा, स्याणा, नोताना, पोता, बाघोत, सेहलंग, खेड़ी-तलवाना, अगिहार, उच्चत आदि गांवों के किसानों से रूबरू हुए। विधायक एसडीएम व एसडीओं के साथ खेतों पर पहुंचे। उन्होंने किसानों को कहा कि इस प्राकृतिक आपदा में वह किसानों के साथ हैं। विधायक ने कहा कि वह कलेक्टर से दूरभाष पर चर्चा कर क्षेत्र में हुए नुकसान के बारे में अवगत करवाएंगे।  

किसान बोले 80 प्रतिशत हुआ फसल में नुकसान
किसान दलबीर सिंह, रामफल, कप्तान सिंह, नत्थू राम, कैप्टन रमेश कुमार, फूल सिंह, रूप सिंह, अर्जुन सिंह, दयाल सिंह, रीनू, बिल्लू, बलजीत आदि ने बताया भारी ओलावृष्टि से सरसों की फसल में 70-80 प्रतिशत तक नुकसान है। गेहूं की फसल में भी 25 से 30 प्रतिशत नुकसान होने की संभावना है। किसान सरसों व गेहूं की फसल पर ही आश्रित हैं इस क्षेत्र में गेहूं व सरसों की फसल ही बहुत अच्छे होती है। सरकार को जल्द से जल्द मुआवजा देना चाहिए।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें