गांव खातौद में शहीद रोहित यादव को श्रद्धांजलि देते सेना के जवान।
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हरियाणा के महेंद्रगढ़ में अवकाश समाप्त होने के बाद ड्यूटी पर जा रहे गांव खातोद निवासी सेना के जवान रोहित यादव की गुरुग्राम में ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। गांव में जवान का पार्थिव शरीर पहुंचते ही मातम पसर गया। रोहित यादव का मंगलवार शाम पैतृक गांव में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई।
सेना की टुकड़ी ने हवा में फायर कर व शस्त्र झुकाकर उन्हें अंतिम विदाई दी गई। रोहित यादव चार साल पहले सेना की 5 कुमाऊं रेजिमेंट में भर्ती हुआ था। रोहित यादव एक माह पहले अरुणाचल प्रदेश में तैनात था। अब देहरादून पोस्टिंग होने पर सोमवार को ड्यूटी पर जा रहा था। जब जवान गुरूग्राम पहुंचा तो ट्रेन की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई थी।
सोमवार को देहरादून रिपोर्टिंग नहीं होने पर सेना के जवानों ने घर फोन कर जानकारी ली तो परिजनों ने बताया कि वह सोमवार को ही रवाना हो गया था। इसके बाद गुरुग्राम पुलिस ने सेना के आला अधिकारियों को हादसे की सूचना दी। छुट्टी पूरी होने के बाद रोहित ड्यूटी पर जा रहा था।
इसी बीच गुरुग्राम में हादसा हो गया। रोहित यादव के परिवार में तीन चिकित्सक हैं और दो चिकित्सक एम्स में टॉपर रह चुके हैं। जवान के चचेरे भाई संजीत यादव ने बताया कि उन्हें सेना के अधिकारियों ने सूचना दी गई थी कि ट्रेन की चपेट में आने से रोहित की मौत हो गई। रोहित अभी अविवाहित थे। क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोगों व आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने नम आंखों के साथ जवान को अंतिम विदाई दी।