संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। गुरुद्वारा छठी पातशाही पर मंगलवार को हर किसी की निगाहें टिकी रही। मामला गहराता देख जहां पुलिस प्रशासन सतर्क रहा। वहीं सिख नेताओं का आना-जाना भी लगा रहा और बैठकें भी चलती रही।
गुरुद्वारा में सुबह जहां मुख्यमंत्री के ओएसडी रमणीक मान पहुंचे। वहीं वरिष्ठ सिख नेता दीदार सिंह नलवी भी पहुंच गए। उन्होंने एचएसजीपीसी सदस्यों व संगत के साथ पूरे हालात पर चर्चा की और गुरुघरों की कमान हरियाणा के सिखों के हाथ आ जाने का स्वागत किया। नलवी ने कहा कि संघर्ष का परिणाम है कि यहां के सिखों के हाथ में अपने गुरुद्वारों की कमान आई है। उन्होंने मिलकर इन गुरुद्वारों का प्रबंधन करने के लिए पूरी संगत को आह्वान किया।
एचएसजीपीसी सदस्यों ने डीसी शांतनु शर्मा से भी मुलाकात की और पूरे हालात पर विस्तार से चर्चा की। उपायुक्त को हालात अनुसार प्रशासन द्वारा उचित कदम उठाए जाने की चर्चा की। वहीं डीसी ने भरोसा दिया कि किसी भी प्रकार से माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा। वहीं विवाद बढ़ने के बाद खुफिया एजेंसियां भी सतर्क हो गई है। खुफिया एजेंसियों के मुलाजिम गुरुद्वारे में होने वाले हर गतिविधि पर पल-पल की रिपोर्ट से उच्चाधिकारियों को अवगत करवा रहे हैं।
गुरुद्वारे में तैनात डीएसपी पिहोवा गुरमेल सिंह ने बताया कि हालात को देख पुलिस प्रशासन पूरी तरह से चौकन्ना है। कोई किसी प्रकार की शरारत न कर पाए, इसके लिए पुख्ता प्रबंध किए गए हैं। शहर के ही सभी मुख्य मार्गों से लेकर गुरुद्वारे के आसपास 12 जगहों पर नाकेबंदी की गई। पिपली में भी नाका लगाया गया। दोनों ही पक्षों के लोगों को शांति व कानूनी दायरे में रहने की अपील की जा रही है।