लाठीचार्ज के विरोध में शनिवार किसानों द्वारा जिले में आठ जगह लगाए जाम के मामले में पुलिस ने 91 किसानों को नामजद किया है। इसमें गुरनाम सिंह चढ़ूनी समेत भाकियू के कई पदाधिकारी शामिल हैं। जिला पुलिस ने सदर थाने में एक मामला, पिहोवा में दो मामले, शाहाबाद में एक मामला, लाडवा में एक मामला, झांसा में एक मामला और इस्माईलाबाद में दो मामले दर्ज किए हैं।
सदर थाना पुलिस ने नेशनल हाईवे-44 पर एनआईडी के समीप जाम लगाने के आरोप में गुरनाम सिंह चढ़ूनी समेत 19 किसान नेताओं को नामजद करते हुए अन्य 100-150, शाहबाद में पुलिस स्टेशन के सामने जाम लगाने के आरोप में शाहाबाद पुलिस ने जसबीर मामूमाजरा समेत 12 किसानों को नामजद करते हुए अन्य 100-150, पिहोवा में दो जगह कराह साहिब में 10 को नामजद करते हुए 30-35 और थाना टोल प्लाजा पर जाम के आरोप में 12 नामजद 40-45, इस्माईलाबाद में दो मामले दर्ज करके 22 किसान नामजद व 100-150, 100-150 , लाडवा में नवीन सूरा समेत 11 को नामजद करते हुए अन्य और झांसा में पांच को नामजद करते हुए 40-50 के खिलाफ मामले दर्ज किए हैं।
हालांकि अभी किसी भी किसान की गिरफ्तारी नहीं हुई है। उधर, भाकियू नेता गुरनाम चढ़ूनी ने बताया कि मामले दर्ज करना पुलिस का और आंदोलन करना किसानों का काम है। अगर पुलिस हमारे खिलाफ कोई ज्यादती करेगी तो हमें कोई न कोई विरोध का तरीका निकाला ही पड़ेगा। किसानों के पास और कोई चारा नहीं है उनके सामने केवल सड़क होती है, जिस पर हम धरना प्रदर्शन के लिए बैठ जाते हैं। इसे लेकर ठोस रणनीति तैयारी की जाएगी।
इस्माईलाबाद लुखी में फूंका इंस्पेक्टर का पुतला
गांव लुखी के पास भारतीय किसान यूनियन के नेताओं ने कुरुक्षेत्र मलिकपुर रोड पर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। किसान नेताओं ने इंस्पेक्टर हरजिंद्र सिंह का पुतला फूंका कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ भी नारेबाजी की। किसान नेता सोनू समरा, पीपल सिंह ने बताया कि इंस्पेक्टर हरजिंद्र सिंह करनाल लाठीजार्च के दौरान वहीं मौजूद था। उसने भी किसानों पर बड़ी बेरहमी से लाठियां भांजने का काम किया है। किसान का बेटा होने के बाद किसानों पर ही लाठियां चलाना बड़ा की निंदनीय कार्य है। किसानों पर बेरहमी से लाठियां बरसाने की घटना से किसानों में बहुत रोष है। इसी रोष के चलते किसानों ने गांव लुखी के बाहर इंस्पेक्टर का पुतला फूंक कर प्रदर्शन कर अपना रोष जताया गया। इसके अलावा किसानों पर लाठी जार्च का आदेश देकर किसानों के सिर में लठ मारने बात कहने वाले एसडीएम की भी कड़े शब्दों में निंदा की। इस मौके पर जरनैल सिंह, सुखदेव सिंह सहित किसान मौजूद रहे।