उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव से पहले सड़कों का पैच वर्क, रंग रोगन, शहर की सफाई व्यवस्था, ट्रैफिक और सुरक्षा व्यवस्था, ब्रह्मसरोवर के सौंदर्यीकरण और श्रद्धालुओं के लिए सभी प्रबंधों को समय रहते पूरा करने के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। पहली बार महोत्सव के मुख्य कार्यक्रम 17 से 24 दिसंबर तक आठ दिन के होंगे। इससे पहले सात दिसंबर से भजन संध्या और आरती आकर्षण का केंद्र रहेगी। वहीं 23 दिसंबर को वैश्विक गीता पाठ, दीपोत्सव, तीर्थ सम्मेलन और नगर शोभा यात्रा का आयोजन होगा।
इस वर्ष गीता महोत्सव में असम स्टेट पार्टनर के रूप में शामिल होगा और इस राज्य की तरफ से राष्ट्रीय ध्वज वाले मैदान में असम पवेलियन लगाया जाएगा। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त एवं केडीबी के सीईओ अखिल पिलानी, केडीबी के मानद सचिव उपेंद्र सिंघल, 48 कोस तीर्थ निगरानी कमेटी के चेयरमैन मदन मोहन छाबड़ा ने महोत्सव की तैयारियाें को लेकर जानकारी दी। बैठक में एसडीएम सुरेंद्र पाल, डीएसपी सुभाष चंद्र, केडीबी सदस्य एमके मोदगिल, अमरजीत सिंह, डॉ. ऋषिपाल मथाना, अशोक रोशा सहित अन्य मौजूद रहे।
अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव को लेकर 23 दिसंबर को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में तीर्थ सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा, जिसमें 48 कोस के 164 तीर्थों से दो हजार प्रतिनिधि पहुंचेंगे और तीर्थों को लेकर मंथन होगा। इन तीर्थों से प्रतिनिधि मिट्टी और पानी भी साथ लेकर आएंगे।
अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के दौरान ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस अधिकारी वन-वे ट्रैफिक की प्लानिंग तैयार करेंगे। इस प्लानिंग को गीता महोत्सव शुरू होने से पहले लागू करने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही भारी वाहनों के प्रवेश पर शहर में प्रतिबंध लगाया जाएगा।
महोत्सव को लेकर पुलिस प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, महोत्सव को चार सेक्टरों में बांटा जाएगा और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए दो एसपी, 12 डीएसपी, 27 इंस्पेक्टर, 326 एनजीओ सहित कुल 1628 अधिकारियों और कर्मचारियों की डयूटी लगाई जाएगी।
अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव में गीता रन का आयोजन तीन दिसंबर को ब्रह्मसरोवर पुरुषोत्तमपुरा बाग से किया जाएगा। इस गीता रन का पंजीकरण खेल विभाग की तरफ से किया जा रहा है और पुरुषों के लिए 10 किलोमीटर और महिलाओं के लिए पांच किलोमीटर की दौड़ का आयोजन होगा। इस मैराथन की तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं और विजेताओं को पुरस्कार भी दिए जाएंगे।