पिहाेवा। मृतक देव प्रसाद। फाइल फोटो
पिहोवा। हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे-152 पर गुमथला गढ़ू स्थित एक ढाबे में हादसा हुआ। शनिवार देर रात फर्राटा पंखा उठाते समय करंट लगने से ढाबा संचालक देव प्रसाद की मौत हो गई। मृतक दिल्ली के जसोला निवासी थे और 57 वर्ष के थे।
देव प्रसाद करीब छह माह से अपने दोस्त राजीव रंजन के साथ साझेदारी में ढाबा चला रहे थे। वह ढाबे में बने कमरे में ही रहते थे। देव प्रसाद अपने पीछे पत्नी गीता देवी और दो बेटे राजीव कुमार व संजीव कुमार छोड़ गए हैं। आठ अगस्त की सुबह वह अपने बेटे संजीव कुमार से मिलकर शाम करीब चार बजे ढाबा लौटे थे। संजीव कुमार ग्रेटर नोएडा की एक कंपनी में इंजीनियर हैं। शनिवार शाम करीब 7:30 बजे उन्होंने पिता को फोन किया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई। रात करीब 12 बजे उन्हें ढाबे से फोन पर पिता के हादसे की जानकारी मिली।
देव प्रसाद कमरे में रखा फर्राटा पंखा उठा रहे थे। इसी दौरान पंखे में करंट आ गया और वह उसकी चपेट में आ गए। गंभीर करंट लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। गुमथला गढ़ू पुलिस चौकी के जांच अधिकारी सतीश ने मृतक के बेटे के बयान दर्ज किए। पुलिस ने मामले में इत्तेफाकिया रिपोर्ट दर्ज कर पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।