कुरुक्षेत्र। ब्रह्मसरोवर को इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) की तरफ से स्वच्छ और सुंदर बनाया जाएगा। इस कार्य को सीएसआर फंड के तहत पूरा किया जाएगा। इस योजना के लिए आईओसीएल की तरफ से 2 करोड़ 50 लाख रुपये की राशि खर्च की जाएगी। यह जानकारी केडीबी मानद सचिव मदन मोहन छाबड़ा ने दी।
वे शुक्रवार को देर सायं पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय के संयुक्त सचिव की ओर से ली गई बैठक के बाद पत्रकारों बातचीत कर रहे थे। उन्होंने बताया कि कुरुक्षेत्र के ब्रह्मसरोवर को देश के 30 स्वच्छ आइकॉनिक स्थानों में शामिल किया गया है। यह कुरुक्षेत्र ही नहीं हरियाणा के लिए एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। ब्रह्मसरोवर को स्वच्छ बनाने के लिए सरकार की तरफ से इंडियन ऑयल के साथ एक समझौता किया गया है। इस समझौते के अनुसार जहां ब्रह्मसरोवर को खूबसूरत बनाया जाएगा वहीं स्वच्छता की दृष्टि से भी अनेकों कार्य किए जाएंगे। ब्रह्मसरोवर को पूर्णत: स्वच्छ बनाने के लिए एक योजना तैयार की जाएगी।
इस योजना के अनुसार सीएसआर (कोऑपरेटिव सोशल रिस्पांसिबिलिटी फंड) में से पैसा खर्च किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इंडियन ऑयल की तरफ से सारा कार्य किया जाएगा। मानद सचिव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से ब्रह्मसरोवर को एक बड़े प्रोजेक्ट के रूप में चयनित किया है। इससे पर्यटन और तीर्थ स्थली को विकसित करने के साथ-साथ पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र भी बनेगा। इस योजना को एक मिशन और विजन के तहत पूरा किया जाएगा। उन्होंने बताया कि तिरुपति बालाजी मंदिर आंध्र प्रदेश, वैष्णो देवी व स्वर्ण मंदिर को भी 30 स्वच्छ आइकन की सूची में शामिल किया गया है।