कुरुक्षेत्र। आयुर्वेद के पीजी पाठ्यक्रमों में दाखिला लेने के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए अच्छी खबर है। श्रीकृष्णा आयुष विश्वविद्यालय में स्नातकोत्तर (आयुर्वेद) के नौ और योग विभाग में चार नए सर्टिफिकेट कोर्स जल्द ही शुरू किए जाएंगे। साथ ही एमडी के विद्यार्थियों का स्टाइपेंड बढ़ाने और एचआरए देने के लिए सरकार को प्रस्ताव भेजा जाएगा। आयुष विश्वविद्यालय ने यह फैसला बुधवार को कुलपति प्रो. बलदेव धीमान की अध्यक्षता में हुई कार्यकारिणी परिषद की बैठक में किया। कार्यकारिणी परिषद की दो घंटे तक चली बैठक में इन बिंदुओं सहित कुल 31 एजेंडों पर चर्चा की गई। विश्वविद्यालय की कार्यकारिणी परिषद ने इन मुद्दों पर सहमति जताई है।
विवि के कुलसचिव नरेश कुमार ने बताया कि बैठक में तय किया गया कि एमडी के विद्यार्थियों का स्टाइपेंड बढ़ाने और एचआरए देने के लिए सरकार को प्रस्ताव भेजा जाएगा। विद्यार्थियों की कठिनाई दूर करने के लिए निर्णय लिया गया कि विद्यार्थी 24 घंटे के भीतर भी विलंब शुल्क के साथ परीक्षा फॉर्म भर सकते हैं। विद्यार्थियों को परीक्षा के बाद री-इवेल्यूएशन फॉर्म भरने के लिए अंक तालिका के साथ 15 दिन का समय दिया जाता था। यदि किसी कारणवश विद्यार्थी को उसकी अंक तालिका नहीं मिलती है तो परीक्षा परिणाम की कॉपी लगाकर री-ईवैल्यूएशन के लिए आवेदन कर सकता है। बताया कि विश्वविद्यालय की शैक्षिक शाखा में 38 पद स्वीकृत हैं, जिनमें 26 खाली हैं। उन्हें भरने के लिए अन्य राजकीय कार्यालयों से प्रतिनियुक्ति पर बुलाया जाएगा। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय में आवश्यकतानुसार स्वीकृत पदों के आने तक सुधार कार्य के लिए कुलपति को कॉन्ट्रैक्ट से नियुक्ति करने का अधिकार ईसी की बैठक में दिया गया है।