फरीदाबाद शहर के एक व्यवसायी के साथ कथित तौर पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने वाली प्रसिद्ध रेडीमेड गारमेंट कंपनी कुटोंस के चेयरमैन और निदेशक को पुलिस ने मंगलवार रात को दिल्ली के पांच सितारा होटल रेडिसन से गिरफ्तार किया है।
दोनों आरोपियों को बुधवार को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
सेक्टर-28 निवासी कुलबीर ने 16 दिसंबर, 2012 को थाना सेक्टर-31 में दर्ज कराए मामले में बताया था कि वह कपड़ों की धुलाई करने की कंपनी चलाता है। वह रेडिमेड गारमेंट बनाने वाली कुटोंस कंपनी के कपड़ों की धुलाई का काम कर रहे थे।
कुलबीर का आरोप है कि भुगतान न मिलने के कारण उसका कंपनी के पास करोड़ों रुपये जमा हो गया था। वह बार-बार कंपनी के चेयरमैन देवेंद्र पाल कोहली, निदेशक भूपेंद्र सिंह और गुरमीत सिंह साहनी से अपने रुपयों की मांग कर रहा था, लेकिन वे कोई न कोई बहाना बनाकर टाल देते थे। यह रकम करीब 23 करोड़ रुपये हो गई।
कुछ समय बाद इन लोगों ने उसे अपनी कंपनी का कपड़ा बेचने के लिए कहा, लेकिन बाद में आरोपियों ने उसे न तो कपड़ा दिया और न ही उसके रुपये लौटाए। परेशान होकर उसने मामला दर्ज करवा दिया।
जांच के दौरान पुलिस ने 26 मार्च, 2013 को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। अगले दिन तीनों को अदालत में पेश किया गया, जहां से अदालत ने तीनों को सशर्त जमानत पर रिहा कर दिया था।
इस दौरान आरोपी भूपेंद्र ने 23 करोड़ में से अपने हिस्से का हिसाब कर शर्त पूरी कर दी थी। पांच मई, 2013 को अदालत की तारीख पर गुरमीत सिंह और देवेंद्र पाल पेश नहीं हुए, जिसके कारण अदालत ने दोनों के खिलाफ दो बार गैर जमानती वारंट जारी किए, लेकिन दोनों अदालत में पेश होने की बजाय फरार हो गए।
मंगलवार रात पुलिस ने दिल्ली के द्वारका में स्थित रेडिसन होटल से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बुधवार को दोनों को अदालत में पेश किया, जहां से दोनों को 31 जुलाई तक के लिए न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
जान से मारने की धमकी
शिकायतकर्ता कुलबीर सिंह ने आरोप लगाया कि बुधवार को अदालत में मामले की पेशी के दौरान आरोपियों, उनकी पत्नियों व अन्य परिजनों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी।