करनाल। हैफेड के नेबल गोडाउन में बरती गई अनियमितताओं की गाज हैफेड के जिला प्रबंधक सहित कई अधिकारियों पर गिरी है। जिला प्रबंधक को यहां से हटा दिया गया है वहीं यहां प्रबंधक रहे ऊधम सिंह (पानीपत) व फील्ड इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह को सस्पेंड कर दिया है। मामले की जांच पंचकूला मुख्यालय द्वारा की जा रही है।
हैफेड का कोई अधिकारी कुछ भी बताने को तैयार नहीं है लेकिन हैफेड मुख्यालय ने करनाल हैफेड के जिला प्रबंधक सुरेश वैद को हटाकर चंडीगढ़ में जीएम खरीद बना दिया है। हिसार के प्रबंधक रहे अनुराग गुप्ता को करनाल हैफेड का जिला प्रबंधक (डीएम) बनाया है। सुरेश वैद व अनुराग गुप्ता ने वीरवार को अपनी नई तैनाती का कार्यभार संभाल लिया है। इसके साथ-साथ करनाल के प्रबंधक रहे ऊधम सिंह ने बताया कि उन्हें व इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह को सस्पेंड तो कर दिया गया है लेकिन अभी उन्हें विभागीय नोटिस नहीं मिला है, जब नोटिस मिलेगा तो वह अपना जवाब दाखिल करेंगे, क्योंकि अभी तक उन्हें यही मालूम नहीं है कि उन्हें आखिर सस्पेंड क्यों किया गया है, क्योंकि उनका ट्रांसफर तो 31 मार्च को ही पानीपत हो गया था, तब से वह यहीं कार्यरत हैं।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक हैफेड के नेवल गोडाउन में निजी कंपनी का भंडारण किया जाना था, लेकिन इस मामले में यहां के इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह व प्रबंधक ऊधम सिंह ने कार्रवाई नहीं की। इसी को लेकर डीएम व अन्य अधिकारियों के बीच मनमुटाव काफी बढ़ गया था। जिसकी जांच पंचकूला मुख्यालय द्वारा शुरू करा दी गई थी। इसी मामले में दो अधिकारियों के निलंबन व डीएम के तबादले की कार्रवाई की गई है। सुरेंद्र सिंह ने बताया कि सस्पेंड किए जाने की जानकारी तो हुई है लेकिन कोई नोटिस नहीं मिला है। उनका तबादला भी वहां से कई महीने पहले कर दिया गया था, लेकिन अब क्यों कार्रवाई की गई। मेरा दोष क्या है, यह नोटिस मिलने के बाद ही पता लगेगा। नए डीएम अनुराग गुप्ता ने बताया कि उन्होंने तो अभी कार्यभार संभाला है, मामले की पूरी जानकारी नहीं है।