क्षेत्र के हिसाब से नजर डालें तो बूथ स्तर पर गुरुग्राम जिले में 8084 और विधानसभा स्तर पर देखें तो फरीदाबाद जिले में 10921 सर्वाधिक वोट पाई गई हैं। ओवरऑल देखें तो हिसार जिले में सर्वाधिक 273993, सोनीपत में 256957, जींद में 218150, करनाल में 182020 मल्टीपल वोट मिली हैं। इसके अलावा पंचकूला और नूंह में सबसे कम ऐसी वोट हैं। पंचकूला में 37608 और नूंह में 30186 वोट चिह्नित हुई हैं। इन सभी की जांच की जाएगी।
अधिकारियों का दावा है कि जिन मतदाताओं को डीएसई में चिह्नित किया गया है, इनमें से कोई भी एक चुनाव में दो बार वोट नहीं डाल सकता। कुछ लोगों के वोट उनके नौकरी या कामकाज के कारण स्थान परिवर्तन होने से बने हैं तो कुछ के गांव से शहर में आने पर बने हो सकते हैं। गांव और शहर में बनी अलग वोट का इस्तेमाल पंचायत या निकाय स्तर पर हो सकता है। विधानसभा या लोकसभा चुनाव में एक साथ दो जगह वोट संभव नहीं है।