करनाल। नेशनल हाईवे-44 पर पानी निकासी न होने और पक्का पुल व कर्ण लेक के पुल की चौड़ाई बढ़ाने का मुद्दा सड़क सुरक्षा समिति की मासिक बैठक में फिर उठा। दोनों मुद्दों पर अधिकारियों ने काफी देर मंथन किया लेकिन समाधान नहीं निकल पाया। ऐसे में उपायुक्त अनीश यादव ने दोनों मुद्दों पर कमेटी बनाई और समस्या के स्थायी समाधान का हल निकालने के निर्देश दिए।
लघु सचिवालय में नए उपायुक्त अनीश यादव ने पहली बार जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक ली। उन्होंने मुगल कैनाल की सड़क के हालात सुधारने के भी निर्देश दिए। सड़कों की खामियों के कई मुद्दे सामने आने पर उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जहां जरूरत है, वहां सड़कों की मरम्मत करें। जिनकी हालत ज्यादा खराब है, वहां नई सड़क बनाई जाए लेकिन गुणवत्ता का ध्यान जरूर रखा जाए।
उन्होंने कहा कि जो मुद्दा एक बार बैठक में आ जाए उस पर तुरंत समाधान हो। अगली बैठक में पुरानी समस्या नहीं आनी चाहिए। बैठक में 23 मुद्दों पर चर्चा हुई। ज्यादातर का मौके पर ही समाधान हुआ। एजेंडों पर रिपोर्ट आरटीए निरीक्षक जोगिन्द्र ढुल ने प्रस्तुत की। बैठक में एसपी गंगा राम पूनिया सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
तीन माह से लंबित है तरावड़ी की पानी निकासी का मुद्दा
हाईवे पर तरावड़ी के नजदीक बरसाती पानी निकासी की समस्या का मामला तीन माह से लंबित है। इसे सुलझाने में उपायुक्त ने काफी गंभीरता दिखाई। संबंधित अधिकारियों से पूरी जानकारी ली। मंथन के बाद भी जब समाधान नहीं निकला तो उन्होंने कमेटी बनाकर निरीक्षण के आदेश दिए। कहा कि एनएचएआई की ड्रेन जो इस जगह से एक किलोमीटर दूर है, वहां तक नई ड्रेन बनाने के लिए भी सुझाव दिया। यहां बरसाती के अलावा राइस मिल और फैक्ट्रियों का पानी भी सड़क पर जमा हो जाता है।