संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। मंगलवार सुबह कर्ण लेक के पास पश्चिमी यमुना नहर में छलांग लगाकर अल्फा सिटी निवासी 45 वर्षीय राजीव ने जान दे दी। उन्होंने अपने जीजा को फोन करके कहा कि आकर मेरी लाश ढूंढ़ लो, फिर नहीं मिलेगी। इसके बाद जीजा को लोकेशन भेजकर नहर में छलांग लगा दी। बड़े भाई ने फोन किया तो नहीं उठाया।
भेजी गई लोकेशन पर पहुंचे तो वहां शव पड़ा था। सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और आसपास के मजदूरों ने नहर से शव को बाहर निकाला। परिजनों ने बताया कि राजीव लीवर की बीमारी से परेशान थे, इस वजह से उन्होंने आत्महत्या की है।
वह एक दुकान चलाते थे। मृतक के मामा रमेश कुमार ने सदर थाने की पुलिस को बताया कि मंगलवार सुबह 11:30 बजे अल्फा सिटी निवासी उसका भांजा राजीव अपनी बाइक पर सवार होकर पश्चिमी यमुना नहर पर आया। उसने अपना मोबाइल फोन व जूते बाइक पर रखकर नहर के पुल के पास से छलांग लगा दी। वहीं बकरियां चरा रहे लोगों ने उसे कूदते देखा तो पास में काम कर रहे मजदूरों ने तुरंत बाहर निकाला लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
सूचना पर परिजन और सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। परिजनों ने बताया कि राजीव डेढ़ साल से लीवर की बीमारी से पीड़ित था।
उसका निजी अस्पताल से इलाज चल रहा था। बीमारी के कारण वह मानसिक रूप से परेशान रहता था। इसी परेशानी के चलते उसने आत्महत्या की है। राजीव की सेक्टर चार में रेडियेटर की दुकान थी।
सदर थाना के पुलिस जांच अधिकारी यशपाल ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया है। मानसिक परेशानी के चलते उसने आत्महत्या की है।