माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। नेशनल हाईवे-44 पर अब रात का सफर भी सुगम और सुरक्षित होगा। एनएचएआई की ओर से पुरानी स्ट्रीट लाइटों को हटाकर नई एलईडी लाइटें लगाई जाएंगी, जिनकी दूधिया रोशनी में रात को हाईवे जगमग करेगा। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया की ओर से लाइटें लगाने का कार्य शुरू कर दिया गया है।
नेशनल हाईवे-44 पर सोनीपत से लेकर जालंधर तक लाइटें बदली जाएंगी। करनाल की बात करें तो यहां बसताड़ा टोल प्लाजा से लेकर कुरुक्षेत्र सीमा समानाबाहू तक के 45 किलोमीटर के सफर में 999 स्ट्रीट लाइट लगेंगी। जबकि सर्विस लेन की करीब 500 लाइट इससे अलग हैं। अब यहां पर आटोमेटिक एलईडी लाइटें लगेंगी, जो दिन ढलने के बाद अपने आप जलेंगी और सुबह होते ही स्वत: बंद हो जाएंगी। इसके लिए लाइटों में टाइमिंग फि क्स की जाएगी।
नेशनल हाईवे-44 पर लाइटें बदलने की काफी पुरानी मांग थी। कई बार सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में भी इस मुद्दे पर चर्चा हुई, जिसके बाद अब इस पर काम शुरू हो सका है। हाईवे पर अभी हालात यह हैं कि करनाल सीमा में आधी से ज्यादा लाइटें बंद रहती हैं। ऐसे में रात में दो पहिया वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। सड़क सुरक्षा विशेषज्ञ तेजपाल का कहना है कि आजकल कारों की हेडलाइट में एलईडी का बल्ब इस्तेमाल होता है। कई वाहन हाई बिम पर लाइट जलाकर चलते हैं, ऐसे में सामने से आ रहे खासकर दो पहिया वाहन के चालक को आगे की स्थिति का पता नहीं चलता। जहां स्ट्रीट लाइट जल रही हो, वहां सामने से आ रही कार की लाइट का दूसरे वाहन के चालक की आंखों पर कम असर पड़ता है।
अंधेरे के कारण कई बार हो चुकी लूट की वारदात
नेशनल हाईवे-44 पर रात में अंधेरे का फायदा लुटेरे भी उठाते हैं। कई बार नीलोखेड़ी, तरावड़ी, बलड़ी बाईपास, बसताड़ा टोल प्लाजा के पास लूट की वारदात हो चुकी है। पुलिस की पेट्रोलिंग के बावजूद लूट की वारदातें यहां हुई हैं। लॉकडाउन के बाद स्थिति ज्यादा खराब हुई। सप्ताह में दो से तीन मामले सामने आते हैं।
सर्विस लेन और चौराहों पर लगेंगी हाई मास्क लाइटें
नेशनल हाईवे पर घरौंडा, कोहंड, तरावड़ी और नीलोखेड़ी मिलाकर करनाल सीमा में 12 चौक हैं। इन सभी जंक्शन पर रात में पर्याप्त रोशनी रहे, इसके लिए यहां पर हाई मास्क लाइटें भी लगाई जाएंगी। इसके अलावा सर्विस लेन पर भी बंद लाइटों को चालू किया जाएगा, क्योंकि दो पहिया वाहनों के साथ लूट की घटनाएं अक्सर सर्विस लेन पर ही होती हैं।
यहां अंधेरा ही रहेगा, क्योंकि स्ट्रीट लाइट के लिए नहीं कोई पोल
- पक्के पुल से कुटेल तक 5 किलोमीटर के रास्ते में
- बलड़ी बाईपास से तरावड़ी तक 6 किलोमीटर के रास्ते में
- तरावड़ी से नीलोखेड़ी तक 3 किलोमीटर के रास्ते में
- नीलोखेड़ी से समानाबाहू तक 4 किलोमीटर के रास्ते में
लाइटें लगाने का काम शुरू हो चुका है। करनाल में सभी लाइटों को बदला जाएगा। पुरानी लाइटों के खराब होने की समस्या नहीं रहेगी। एनएचएआई की टीम पेट्रोलिंग भी करेगी, जो लाइटें खराब होंगी, उन्हें तुरंत बदला भी जाएगा।
- भानू प्रताप, सेक्शन इंजीनियर, एनएचएआई