घरौंडा। नई अनाज मंडी में सरसों की आवक बढ़ती जा रही है। पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष कई गुना सरसों मंडी में आ चुकी है। सरसों की प्राइवेट खरीद तो जारी है लेकिन किसानों ने सरकारी खरीद शुरू करने की मांग की है। मंडी में किसान फिलहाल काली सरसों लेकर आ रहे हैं। मार्केट कमेटी के अधिकारियों की अनुसार, मंडी में अब तक 2218 क्विंटल सरसों आ चुकी है। जबकि पिछले साल 351 क्विंटल सरसों मंडी में पहुंची थी।
इस बार भी मंडी में सरसों के रेट पिछले साल की भांति 55 सौ से लेकर 57 सौ रुपए मिल रहा है। पिछले साल भी 53 सौ से 55 सौ रुपए प्रति क्विंटल रेट था। भारतीय किसान यूनियन के जिला अध्यक्ष अजय राणा व किसान संदीप सिंह ने बताया कि मंडियों में सरसों की आवक बढ़ती जा रही है, लेकिन सरकार ने अब तक सरसों की सरकारी खरीद शुरू नहीं की है। उन्होंने कहा कि सरकार का दावा है कि सरकार 24 फसलें एमएसपी रेट पर खरीद कर रही है। उन्होंने मंडी में पिछले साल की भांति इस वर्ष कई गुना सरसों मंडी में आने के सवाल पर कहा कि धान घोटाले का खुलासा होने के बाद इसका असर दिखाई दिया है।
मार्केट कमेटी के कार्यकारी सचिव सुनील कुमार ने बताया कि मंडी में सरसों की आवक पिछले साल भांति इस वर्ष काफी बढ़त हुई हैं। अभी तक सरसों की प्राइवेट एजेंसी खरीद कर रही है। जल्द ही इसकी सरकारी खरीद शुरू कराई जाएगी।