ड्रेन में डाला जा रहा केमिकल युक्त दुषित पानी। संवाद
सनौली। जिला प्रशासन द्वारा रोक लगाने के बाद भी फैक्टरियों से काला धुआं निकल रहा है, इससे प्रदूषण में लगातार बढ़ोतरी हो रही है, साथ ही यमुना नदी के साथ लगते ड्रेन नंबर-दो में डाले जा रहे फैक्टरियों के केमिकल युक्त दूषित पानी से यमुना जहरीली हो रही है। अब एनजीटी व जिला प्रशासन के काला धुंआ बंद के आदेश के बावजूद सनौली सहित दर्जनों गांवों में फैक्टरियां सरेआम धुआं निकलता है, इससे बड़ी मात्रा में वायु प्रदूषण हो रहा है, साथ ही गांवों में भी हवा जहरीली हो रही है। संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा कोई ध्यान नहीं देने पर ग्रामीणों में रोष बना हुआ है। फैक्टरियों के साथ बड़ी मात्रा में लगे पेड़-पौधों को भी काटकर जलाया जा रहा है, इसके लिए कई बार प्रशासन को अवगत कराने के बाद भी कोई राहत कार्य नहीं किया गया है। इन फैक्टरियों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं करने पर उनके हौसले बुलंद है। आधा दर्जन फैक्टरियों के केमिकल युक्त पानी के सैंपल फेल होने पर प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने इन पर आगामी कार्रवाई के लिए चेयरमैन दिल्ली को सिफारिश के लिए पत्र लिखा है।
ड्रेन में डाला जा रहा केमिकल युक्त दुषित पानी। संवाद
ड्रेन में डाला जा रहा केमिकल युक्त दुषित पानी। संवाद
ड्रेन में डाला जा रहा केमिकल युक्त दुषित पानी। संवाद