सेना में नौकरी लगवाने के नाम पर 280 युवकों से करीब छह करोड़ रुपये की ठगी करने के मामले में करनाल पुलिस की सीआईए-1 टीम ने मोस्ट वांटेड आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। 25 हजार का इनामी मोस्ट वांटेड मंजूर अहमद गनी जम्मू-कश्मीर के बारामूला जिले के शिवपुरा इलाके का रहने वाला है।
इंचार्ज दीपेंद्र ने बताया कि इस मामले की जांच सीआईए-1 के पास आने के बाद उप निरीक्षक रणबीर सिंह की अध्यक्षता में टीम ने 18 दिसंबर को करनाला के घरौंडा निवासी आरोपी महिला प्रवेश कुमारी को कुरुक्षेत्र से गिरफ्तार किया था।
कोर्ट में पेश कर महिला को चार दिन के रिमांड पर लिया गया। पूछताछ में महिला ने उससे रुपये लेने वाले मास्टर माइंड मंजूर अहमद गनी के नाम का खुलासा किया। 22 दिसंबर को आरोपी जम्मू-कश्मीर निवासी मंजूर अहमद गनी को दिल्ली से काबू कर लिया।
ठगी के इसी खेल में आरोपी प्रवेश कुमारी का संपर्क जयप्रकाश से हुआ था, उसने राकेश नाम के व्यक्ति से मिलवाया और राकेश ने मुख्य आरेापी मंजूर अहमद से मिलवाया। मंजूर अहमद गनी ने उसे बताया कि बताया कि सेना में भर्ती करवाने के लिए वह 4.20 लाख रुपये लेता है। इसमें महिला का कमीशन भी शामिल था। मुख्य आरोपी युवकों को ज्वाइनिंग लेटर दे देता था। जब वह ज्वाइन करने आते थे तो उन्हें बताता था कि आपकी भर्ती पर न्यायालय ने स्टे लगा दिया है।
पुलिस की अब तक जांच में यह सामने आया है कि आरोपियों ने हरियाणा के करनाल, पानीपत, सोनीपत, जींद व अन्य जिलों के करीब 280 युवकों सेे सेना में भर्ती करवाने के लिए 12 करोड़ रुपये में डील की थी। इनमें से नौकरी के इच्छुक युवकों से आरोपी करीब छह करोड़ रुपये ले चुके थे।