मुठभेड़ में मारे गए दोनों बदमाश बीरू की हत्या में शामिल थे। इन दोनों ने ही गोली चलाई थी। इसके साक्ष्य मिल गए थे। दोनों का आपराधिक इतिहास मालूम किया जा रहा है। इनके साथियों को भी जल्द पकड़ लिया जाएगा। -नरेंद्र बिजरानिया, एसपी।
व्हाट्सएप और फेसबुक पर वायरल ऑडियो और इंस्टाग्राम पर जारी एक पोस्ट में त्रिशूल गैंग, भाऊ गैंग और नीरज फरीदपुरिया ने बीरू की हत्या की जिम्मेदारी ली थी। इनमें से त्रिशूल गैंग का शूटर वंश नामजद आरोपियों में शामिल हैं। ऑडियो और पोस्ट में दावा किया गया है कि बीरू की हत्या वर्चस्व की जंग में की गई है। इसके लिए पहले ही धमकी दी गई थी। पुलिस के लिए चिंता की बात यह है कि पोस्ट में जल्द ही बीरू के समर्थकों की जान लेने की बात भी कही गई है। वंश ने एक पोस्ट में आशंका जताई कि उसके दो साथियों का एनकाउंटर हो सकता है।
सदर बाजार के दराबी लाइन निवासी बीरू की मां ममता की तहरीर पर शहर थाना पुलिस ने समाना बाहु गांव का वंश, नीलोखेड़ी का योगेश कपूर, बालाजी कालोनी का कुणाल पाल, रंबा गांव का निंजा, कुरुक्षेत्र की निवासी नैंसी, फूसगढ़ का रहने वाला संजय, कर्ण विहार का जैल रोड नामजद किया है। ममता ने बताया कि संजय और जैल रोड ने एक महीने हथियार उपलब्ध कराया था। हथियार मिलने के बाद से ही अन्य पांच नामजद आरोपी बीरू को हत्या की धमकी दे रहे थे। हालांकि, एफआईआर में नामजद आरोपियों को पुलिस अभी तक पकड़ नहीं पाई है।