चार वर्षीय जश का मोबाइल चार्जर के तार से गला घोंटने के बाद हत्यारोपी अंजली ने आत्महत्या का प्रयास किया था। इसके लिए पहले उसने चुनरी से स्वयं अपना गला दबाने का प्रयास किया और फिर दवा की ओवरडोज भी ली। यह कहना है कि हत्यारोपी अंजली के पति विकास का। कोर्ट में पेशी से पहले पत्नी से बातचीत के बाद उसने उक्त खुलासा किया है। साथ ही कहा कि हत्याकांड को अंजाम देने वाली पत्नी को समाज जो सजा देना चाहे, उसे मंजूर है।
विकास का कहना है कि उसकी पत्नी अंजली मानसिक रोगी है, लेकिन शादी से पहले उसे इसकी जानकारी नहीं थी। कारण कि अंजली ने न सिर्फ पीटीआई किया था, बल्कि उसमें उसे पांच से छह बैंड भी मिले थे। 2018 में हुई शादी से पहले भी अंजली ने ब्लेड से अपने शरीर पर उसका नाम लिख लिया था।
यही नहीं शादी के बाद हाथ की नस काटकर आत्महत्या का भी प्रयास किया था। इसके बाद उसे मालूम चला कि वह मानसिक रोग से ग्रस्त है। पिछले सात आठ साल से उसका उपचार भी चल रहा था, लेकिन उसे नहीं पता था कि अंजली किसी मासूम की भी जान ले सकती है। विकास की मानें तो अंजली ने उससे बातचीत में जश की हत्या करने की बात स्वीकार की है। साथ ही जब उसे अपनी गलती का अहसास हुआ तो खुद भी जान देने का प्रयास किया।
हत्यारोपी अंजली और दो अन्य को न्यायिक हिरासत में भेजा, रिमांड के बाद पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में किया पेश
जश हत्याकांड में पुलिस रिमांड के बाद शुक्रवार को कोर्ट में पेश पर हत्यारोपी अंजली और दो अन्य आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इससे पहले मुख्य आरोपी अंजली को पुलिस ने दो बार पुलिस रिमांड पर लिया। पहली बार तीन दिन के पुलिस रिमांड पर तो दूसरी बार दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया, लेकिन अभी तक हत्या का कारण सामने नहीं आया है। वहीं जश की रिश्ते में लगने वाली ताई धनवंती और दादी सौरनदे भी एक दिन के पुलिस रिमांड पर थीं। इन्हें भी शुक्रवार को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा गया है।
ढाई घंटे तीन मनोचिकित्सकों के बोर्ड ने की काउंसलिंग
हत्या का कारण जानने के लिए पुलिस ने तीन मनोचिकित्सकों का बोर्ड बनाया था। इन डॉक्टरों के बोर्ड ने करीब ढाई घंटे तक आरोपी अंजली की काउंसलिंग की। उससे कई सवाल भी किए ताकि हत्या का कारण व उसकी मानसिक स्थिति के बारे में पता लगाया जाए, हालांकि इस संबंध में चिकित्सकों या पुलिस ने अभी रिपोर्ट का खुलासा नहीं किया है। मामले में शनिवार को एसपी गंगाराम पूनिया ने पत्रकारवार्ता बुलाई है। संभावना जताई जा रही है कि इसमें हत्याकांड के हर पहलू का खुलासा किया जाएगा।
बीते रोज हुए बवाल में तीन आरोपियों पर केस दर्ज, जमानत भी मिली
जश हत्याकांड मामले में गुरुवार को समाज के लोगों ने महापंचायत की थी। इस दौरान 10 सदस्यों की कमेटी एसपी गंगाराम पूनिया से मिली थी और एसपी ने कमेटी को आश्वासन दिया था। इसके बाद कमेटी के सदस्य संतुष्ट होकर चले गए थे, लेकिन कुछ युवा नहीं माने और जीटी रोड जाम करने की जिद करने लगे। इस दौरान पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए हल्का बल भी प्रयोग किया था। मामले में अब पुलिस ने तीन आरोपियों सुमित निवासी बजीदा रोड़ान, संदीप निवासी बलड़ी व सुशील निवासी संगोही को गिरफ्तार किया है। सिविल लाइन थाना प्रभारी संदीप ने बताया कि तीनों आरोपियों को कोर्ट से जमानत भी मिल गई है।