संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। जिला उपभोक्ता आयोग ने विपक्षी पार्टियों का सही पता और आवश्यक दस्तावेज जमा नहीं करने के कारण एक शिकायत को खारिज कर दिया है। आयोग ने शिकायतकर्ता को 10 माह का समय दिया था। इसके बाद भी शिकायतकर्ता ने आवश्यक दस्तावेज जमा नहीं करवाए।
जरनैली कॉलोनी निवासी शिकायतकर्ता सुरजीत सिंह ने 8 मई, 2025 को उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 की धारा 35 के तहत यह शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने क्वुइन प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड गाजियाबाद और नापतोल सर्विस नई दिल्ली के खिलाफ वाद दायर किया था।
आयोग के अध्यक्ष जसवंत सिंह और सदस्य नीरू अग्रवाल व सर्वजीत कौर की पीठ ने मामले को बार-बार इस आधार पर स्थगित किया गया कि शिकायतकर्ता विपक्षी पार्टियों का सही पता और नोटिस भेजने के लिए पंजीकृत लिफाफा जमा करे। शिकायत दर्ज हुए 10 महीने से अधिक का समय बीत चुका था लेकिन शिकायतकर्ता न तो अदालत में पेश हुआ और न ही आवश्यक विवरण जमा किए।
आयोग ने सुनवाई के दौरान माना कि या तो शिकायतकर्ता की समस्याओं का समाधान हो चुका है या वह इस मामले को आगे बढ़ाने में रुचि नहीं रखता है। तथ्यों को ध्यान में रखते हुए आयोग ने शिकायत को खारिज कर दिया। आयोग ने शिकायतकर्ता को यह राहत भी दी है कि यदि वह चाहे तो भविष्य में विपक्षी पार्टियों के सही पते के साथ उसी कारण पर नई शिकायत दर्ज कर सकता है।