संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। त्योहारी सीजन शुरू हो गया है। कुछ दिनों में होली का पर्व आने वाला है ऐसे में मिलावटी खाद्य सामग्री मिठाई आदि सप्लाई करने वाला गिरोह भी सक्रिय हो जाता है। इसी के मद्देनजर मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम ने छापामारी शुरू कर दी है। शुक्रवार को यूपी से मिलावटी दूध लाकर शहर में सप्लाई होने की सूचना पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने यूपी से आ रहे एक कैंटर को पकड़ा। जहां खाद्य सुरक्षा अधिकारी द्वारा दूध का सैंपल लिया गया और उसे जांच के लिए लैब में भेज दिया है।
टीम का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री उड़नदस्ता टीम से एसआई शेर सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि एक कैंटर चालक यूपी से दूध लेकर आता है वह मिलावटी दूध है और शहर की कई डेयरियों पर वह दूध सप्लाई करता है। इस सूचना पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. संदीप कादियान के साथ मिलाकर उन्होंने कुंजपुरा रोड पर नाका लगा दिया। जैसे ही यूपी नंबर का कैंटर दूध लेकर आया तो ओम डेयरी के समीप उसे रुकवा लिया और सैंपल लिए गए। कैंटर में 40 लीटर के 32 ड्राम, 50 लीटर के 12 ड्राम व 10 लीटर के 4 ड्राम रखे थे। जिनमें करीब 1920 लीटर दूध था। कैंटर चालक उत्तर प्रदेश के चौसान के मसीप गांव कुंडा से दूध लेकर आता है।
24 फरवरी को भी मारा था छापा
24 फरवरी को भी नकली घी बनाए जाने की सूचना पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने खाद्य एवं सुरक्षा अधिकारी की टीम के साथ मेरठ रोड स्थित गुडरिच डेयरी प्रोडक्ट पर छापा मारा था तो यहां से भारी मात्रा में दूध, खुले में रखा घी और क्रीम मिला था। यहां फ्लेवर्ड दूध की 8664 बोतलें एक्सपायर तिथि की मिलीं, जिन्हें टीम ने मौके पर नष्ट कर दिया है। दूध व घी के सैंपल लिए गए हैं। जिन्हें जांच के लिए चंडीगढ़ लैब भेज दिया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद पता चलेगा कि घी या दूध मिलावटी है या नहीं।
रिपोर्ट आने से पहले ही खाद्य सामग्री को सेवन कर लेते है लोग
शहरवासियों का कहना है कि मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम हर त्योहारी सीजन में छापामारी करती है लेकिन जब तक उस खाद्य सामग्री की रिपोर्ट आती है तब तक लोग उसका उपयोग कर चुके होेते हैं। ऐसे में बाद में सैंपल फेल होने पर क्या फायदा। उन्होंने कहा कि सैंपल की जल्द रिपोेर्ट आनी चाहिए और तब तक उस खाद्य सामग्री को भी सील करना चाहिए।