संवाद न्यूज एजेंसी
नीलोखेड़ी। गांव पुरानी नीलोखेड़ी में एक तीन वर्षीय बच्चे मंयक की गंदे पानी से भरे जोहड़ में डूबने से मौत हो गई। मयंक अपनी मां पूजा के साथ अपने ननिहाल आया था। मासूम की मौत से परिवार और गांव में मातम पसरा हुआ है। बच्चे की मां बार बार बेसुध हो रही है। इस घटना ने पूरे गांव के लोगों की आंखों को नम कर दिया है क्योंकि पूजा के एक बड़े ऑपरेशन के बाद मयंक का जन्म हुआ था। मयंक इकलौता था।
कस्बा नीलोखेड़ी निवासी मांगे राम की बहन पूजा अपने तीन वर्षीय बेटे मयंक के साथ पुराने नीलोखेड़ी स्थित मायके मिलने आई थी। सोमवार दोपहर मयंक अचानक खेलते हुए घर से बाहर गली में चला गया। जब उसकी मां पूजा ने मयंक को घर में नहीं पाया तो तुरंत उसे ढूंढने निकल पड़ी।
परिवारजनों और ग्रामीणों ने आसपास के इलाकों में काफी तलाश की, लेकिन मयंक का कोई सुराग नहीं मिला। स्थानीय लोगों को संदेह हुआ कि मयंक शायद गांव के जोहड़ की ओर चला गया हो। तुरंत गोताखोर प्रगट सिंह की टीम को सूचना दी गई। टीम ने कुछ ही मिनटों में जोहड़ में तलाश शुरू की और मयंक का शव बरामद कर लिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस चौकी इंचार्ज संदीप मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि घटना की सूचना दोपहर करीब तीन बजे मिली थी।
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि मयंक अपनी मां के साथ ननिहाल आया था और खेलते-खेलते जोहड़ के पास पहुंच गया, जहां डूबने से उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।