माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। एक माह बाद मंगलवार से कक्षा 10वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए स्कूल खुलेंगे लेकिन 4846 विद्यार्थियों को विद्यालयों में प्रवेश नहीं मिलेगा, क्योंकि इन विद्यार्थियों ने टीकाकरण नहीं कराया है। जबकि सरकार के निर्देशों के अनुसार स्कूल आने वाले प्रत्येक विद्यार्थी का टीकाकरण अनिवार्य है।
सरकार की गाइडलाइन के अनुसार पहली फरवरी से स्कूल खोलने को लेकर प्रबंधन ने भी तैयारियां पूरी कर ली हैं। जांच के बाद ही सभी विद्यार्थियों को प्रवेश मिलेगा। मास्क पहनना व सैनिटाइजर का इस्तेमाल अनिवार्य है। सामाजिक दूरी का पालन हो सके इसको लेकर कक्षाएं भी बड़े हॉल में लगाई जाएंगी। तीनों कक्षाओं के विद्यार्थियों के बैठने की व्यवस्था बनाई गई है। अभिभावकों से भी स्कूलों की ओर से सहमति ली गई है। वहीं आज से कॉलेजों में भी ऑफलाइन कक्षाएं लगेंगी। जिले में अभी भी करीब सात प्रतिशत किशोरों को पहली डोज नहीं लगी है। कुल 64700 किशोरों को डोज लगाई जानी है। सोमवार तक 59854 विद्यार्थियों का टीकाकरण हो चुका है।
स्कूलों में भी टीकाकरण कराने की योजना
जो विद्यार्थी अब भी टीकाकरण से वंचित हैं, ऐसे विद्यार्थियों को डोज लगवाने के लिए स्कूलों में भी व्यवस्था की जाएगी। सहोदय स्कूल कांप्लेक्स की ओर से अलग-अलग स्कूलों में शिविर लगाए जाएंगे ताकि आसपास के स्कूलों के विद्यार्थी भी टीकाकरण करवा सकें।
स्कूलों के लिए यह है एसओपी
- पहली डोज न लगवाने वाले विद्यार्थियों को स्कूल में प्रवेश नहीं मिलेगा।
- विद्यार्थी अभिभावकों की अनुमति के बाद ही स्कूल आ सकेंगे।
- ऑनलाइन कक्षाएं भी जारी रहेंगी।
- स्कूल आने के लिए स्कूल प्रबंधन दबाव नहीं बना सकता।
- कक्षाओं में सामाजिक दूरी का रखनी होगी। मास्क व सैनिटाइजर का इस्तेमाल भी अनिवार्य है।
कुछ विद्यार्थियों ने टीकाकरण नहीं कराया है लेकिन अभी तक ऐसे विद्यार्थियों की पहचान नहीं हो पाई। स्कूल में सभी विद्यार्थियों को जांच के बाद ही प्रवेश दिया जाएगा।
- डॉ. राजन लांबा, अध्यक्ष, सहोदय स्कूल कांप्लेक्स
कोरोना सुरक्षा की गाइडलाइन का पालन करते हुए ही स्कूलों को खोला जाएगा। सभी स्कूल मुखिया को सरकार के निर्देशों का अनुपालन कराने के लिए कह दिया गया है। बिना जांच और टीकाकरण के किसी भी विद्यार्थी को प्रवेश नहीं मिलेगा।
-राजपाल चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी करनाल।