अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। नगर निगम की ओर से शहर को डस्टबिन फ्री बनाने की योजना पर सीएम मनोहर लाल ने ब्रेक लगा दिए। इतना नहीं सीएम ने डीसी डॉ. आदित्य दहिया व नगर निगम के आयुक्त राजीव मेहता समेत अन्य अधिकारियों को साथ लेकर शहर का मुआयना किया। इस दौरान सात जगहों पर कूड़ा पड़ा मिला। इस पर सीएम ने अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई, साथ ही ये भी निर्देश दिए पहले सड़कों और घरों से कूड़ा उठाना सुनिश्चित करें, तभी इस योजना के बारे में विचार करें। इसके बाद सीएम ने स्वच्छता को लेकर अधिकारियों व भाजपा नेताओं के साथ बैठक भी और शहर में स्वच्छता को बढ़ावा देने के निर्देश दिए।
बता दें कि पिछले दो साल से करनाल में नगर निगम की ओर से घर घर से कूड़ा उठाने का दावा किया जा रहा है। इसके लिए बकाया 22 से 25 करोड़ रुपये सालाना खर्च भी किया जा रहा है। हालांकि, हर बार शहरवासियों की शिकायत रहती है कि आज भी कई इलाकों से कूड़ा नहीं उठ रहा है। इसके साथ ही शहर में ऐसे दर्जनभर से ज्यादा स्थान हैं, जहां पर दिनभर कूड़ा पड़ा रहता है और निगम की ओर से उसे कई कई दिन तक नहीं उठाया जाता। इस मामले को लेकर मंगलवार को सीएम मनोहर लाल ने डीसी डॉ. आदित्य दहिया और निगम आयुक्त राजीव मेहता समेत अन्य अधिकारियों को साथ लिया और शहर का मुआयना किया। इस दौरान सीएम ने सात ऐसे प्वाइंट अधिकारियों को दिखाए जहां पर गंदगी पड़ी थी। इनमें रणधीर लेन, मुगल कैनाल, बस स्टैंड के पास समेत कई अन्य स्थान हैं। सीएम ने कहा कि तुरंत प्रभाव से सड़कों और घरों से कूड़ा सुचारु रूप से उठाया जाए। इतना ही नहीं सीएम ने निगम द्वारा शहर को डस्टबिन फ्री बनाने की योजना को फिलहाल रोकने को कहा। सीएम ने कहा कि पहले कूड़ा उठान तय हो, इसके बाद ही इस योजना पर विचार किया जा सकता है। सीएम द्वारा खिंचाई करने पर अधिकारियों के पसीने छूटते नजर आए। सीएम ने अधिकारियों को चेताया कि सफाई के मामले को गंभीरता से लें और लोगों को इसके लिए जागरूक भी करें। इसके बाद सीएम ने श्री कृष्णा मंदिर में अधिकारियों व भाजपा नेताओं के साथ बात की। साथ ही स्वच्छता को लेकर मंथन किया।
कमेटी की रिपोर्ट के बाद शहर से शिफ्ट की जाएगी डेयरी
मुख्यमंत्री ने शहर से डेयरी सिस्टम के स्थानांतरण के मामले पर कहा कि शहर से दूध की डेयरी को बाहर निकालने के लिए प्रयास किया जा रहा है, इसके लिए कृषि मंत्री ओपी धनखड़ की अध्यक्षता में कमेटी का गठन किया गया है। रिपोर्ट आने के बाद अनुकूल स्थान पर डेयरी को स्थानांतरित किया जाएगा।
मेडिकल कॉलेज में सुविधाओं के लिए रिटायर्ड डाक्टरों की सलाहकार समिति बनेगी
कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज की व्यवस्था को लेकर पत्रकारों के सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं ठीक प्रकार से मिले। इसके लिए उपायुक्त को निर्देश दिए गए हैं कि रिटायर्ड डॉक्टरों की सलाहकार समिति बनाकर उनसे जानकारी लें कि कौन सी चीज और बेहतर हो सकती है, उनकी रिपोर्ट पर अमल किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि मेडिकल कॉलेज को बने थोड़ा समय हुआ है कोई न कोई कमी रह जाती है, इस कॉलेज की तुलना पीजीआई चंडीगढ़ व रोहतक से न की जाए।
शुगर मिल का जल्द होगा विस्तारीकरण
एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि शुगरमिल का टैंडर हो गया है, जल्दी ही इस मिल के विस्तारीकरण का कार्य किया जाएगा। मिल का पिराई सत्र आज से चालू हो गया है, पिराई सीजन के दौरान कोई दिक्कत नहीं रहेगी।
जल्द सुधरेंगे सड़कों के हालात
शहर की टूटी सड़कों के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि कहा कि करनाल नगरनिगम की कुछ सडक़ों को नैशनल हाईवे अथॉरिटी को दिया गया है, जोकि कैथल रोड से होती हुई ठंडी सडक़, मेरठ रोड तक है। नैशनल हाईवे इस कार्य में लेटलतीफी कर रहा था, तुरंत संज्ञान लेते हुए इस सडक़ को दिसंबर 2018 तक शुरू करवाने के निर्देश दिए गए हैं, इसकी शुरुआत असंध साइड से हो चुकी है। मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि यह सड़क लोकल नगर निगम व पीडब्ल्यूडी के अधीन होती तो इसे बहुत पहले दुरुस्त किया जा चुका होता।