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डिप्टी सीएम के आने की सूचना पर विरोध करने पहुंचे किसानों को रोकने पर पुलिस से हुई धक्का-मुक्की

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On the information about the arrival of the Deputy CM, there was a push from the police to stop the farmers who came to protest. - फोटो : Kaithal
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राजकीय कॉलेज में बाबा साहब आंबेडकर की प्रतिमा के अनावरण कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री दुष्यंत सिंह चौटाला और भाजपा नेताओं के पहुंचने की आशंका के चलते भारी संख्या में किसान राजकीय कॉलेज के बाहर प्रदर्शन करने के लिए पहुंच गए। पुलिस प्रशासन ने किसानों के विरोध के ऐलान को देखते हुए पांच जगह पर बैरिकेडिंग लगाकर सुरक्षा व्यवस्था की हुई थी। जिसमें ड्रेन पुल पर किसानों को रोकने पर पुलिस व किसानों के बीच जमकर धक्का-मुक्की हुई। किसानों ने बैरिकेडिंग के ऊपर से निकलने का प्रयास भी किया, लेकिन पुलिस ने उन्हेें रोके रखा। बाद में कॉलेज के बाहर धरना दे रहे किसान नेताओं की जिम्मेदारी पर इन किसानों को आगे जाने दिया गया। किसानों के विरोध के ऐलान को देखते हुए न तो उपमुख्यमंत्री और न ही कोई भाजपा नेता ही कार्यक्रम में पहुंचा। डीसी और एसपी ने संविधान निर्माता बाबा साहब की प्रतिमा का अनावरण किया।
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सुबह से ही विभिन्न संगठनों से जुड़े सैकड़ों किसान कॉलेज के गेट पर प्रदर्शन करने के लिए पहुंच गए। किसानों ने कॉलेज के सामने बाबा साहब की जयंती मनाना शुरू कर दिया। इससे करीब एक किलोमीटर पहले स्थित ड्रेन पुल पर बैरिकेड लगाकर पुलिस किसानों को रोक लिया। किसानों द्वारा कई बैरिकेड लांघने का प्रयास किया गया लेकिन असफल रहा। इस मौके पर सीटी एसएचओ अमित कुमार, डीएसपी कुलवंत सिंह, राजकीय कॉलेज के प्राचार्य ऋषिपाल बेदी भी पहुंचे। जिन्होंने किसानों को समझाने का काफी प्रयास किया। लेकिन किसान धरने में शामिल होने के लिए अपनी जिद्द पर अड़े रहे। पुलिस प्रशासन व किसानों में रास्ते खोलने का लेकर काफी खींचतान भी हुई। इसके बाद किसानों ने चल रहे धरने में मौजूद किसान नेताओं को सूचना दी। इसके बाद कई किसान नेता मौके पर पहुंचे। उन्होंने डीएसपी व एसएचओ के साथ बातचीत की। किसान नेताओं द्वारा शांतिपूर्वक पुलिस प्रशासन को प्रदर्शन करने का आश्वासन दिया गया रास्ता खुलवाने की अपील की। इसके बाद किसान नेताओं की जिम्मेदारी पर पुलिस प्रशासन ने बैरिकेड हटा दिए और किसानों के वाहनों को एक एक करके निकाला गया। साथ ही कोई किसान उपद्रव न करे इसकी वीडियो बनवाई गई। इसके बाद कॉलेज के सामने पहुंचते ही सरकार के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। गेट के सामने खेतों की जमीन पर धरना देना शुरू कर दिया। किसानों का कहना था कि उपमुख्यमंत्री सहित कोई भी सरकार का नेता अगर कार्यक्रम में पहुंचता है, उसका किसानों द्वारा काले झंडे दिखाकर विरोध किया जाएगा। इस मौके पर किसान होशियार गिल, भरत सिंह बेनीवाल, किसान नेता दर्शन चहल, राजेश, साहिल नरड़, संदीप भाल मानस, रामकुमार, सुरेश द्रविड़, महेंद्र सिंह, जयप्रकाश शास्त्री, ईशम सिंह तंवर, सुरजीत बेनीवाल, महाबीर नरड़ व केशा राम प्यौदा मौजूद रहे।
पुलिस ने पांच नाके लगाए अंबाला रोड पर-कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन द्वारा पांच जगहों पर बैरिकेड लगाए गए। अंबाला बाईपास, ड्रेन पर, जगदीशपुरा गांव, कॉलेज के गेट पर व कॉलेज से आगे अंबाला रोड पर बैरिकेड लगाए गए। अंबाला रोड पर जाने वाले वाहनों को नेशनल हाईवे से रूट बदला गया। मौके की गंभीरता को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल अंबाला रोड पर तैनात किया गया है।
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