कैथल में दो अलग-अलग मामलों में विदेश भेजने के नाम पर दो व्यक्तियों से करीब 23 लाख रुपये की ठगी की है। इन दोनों ही मामलों में रुपये तो ले लिए, लेकिन विदेश नहीं भेजा। अब संबंधित क्षेत्र के थानों में पुलिस ने धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
गांव नीमवाला व गांव कसान निवासी व्यक्ति हुआ धोखाधड़ी का शिकार
पहले मामले में गांव नीमवाला निवासी आशीष ने राजौंद पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उसकी जुलाई 2022 में रमेश के साथ जान पहचान हुई थी। अगस्त में रमेश वह उसे कहने लगा कि उसे 30 लाख रुपये में अमेरिका भेज देगा। तीनों आरोपी उसके घर आए और 28 लाख रुपये में डील हुई। सितंबर माह में आरोपितों ने उससे करीब 10 लाख रुपये ले लिए थे। 19 सितंबर को उसे दिल्ली से मुंबई भेज दिया। उसी दिन मुंबई से उसे इंडोनेशिया भेज दिया।
रमेश की पत्नी अनीता के खिलाफ केस दर्ज
इसके बाद आरोपियों ने गांव जाकर उसकी पत्नी से करीब पांच लाख रुपये अलग-अलग काम के ले लिए। इंडोनेशिया में उसे करीब छह माह तक होटल में बंधक बना कर रखा। वहां उसे ठीक से खाना भी नहीं दिया गया। 24 मार्च 2023 को उसे इंडोनेशिया से वापस भारत भेज दिया। राजौंद थाना के जांच अधिकारी एसआई सुनील ने बताया कि पुलिस ने जींद के गांव थुआ निवासी रमेश, रमेश के बेटे रोहित और रमेश की पत्नी अनीता के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कनाडा भेजने के नाम ऐंठे रुपये
वहीं, दूसरे मामले में गांव कसान निवासी राज बहादुर ने शहर थाना में दी गई शिकायत में बताया कि करनाल के बाड़ा गांव निवासी गुरलाल और साहब सिंह, न्यू प्रेम नगर करनाल निवासी टविंकल के साथ वर्ष 2009 से जान पहचान थी। उन्होंने कहा कि अभी ओलिंपिक खेल होने वाले है और वह उसे कनाडा भेज देगा। एक मार्च 2019 को उसने पिहोवा चौक स्थित एक दुकान पर आरोपियों को छह लाख रुपये नकद दिए थे।
पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ किया केस दर्ज
उसके बाद अलग-अलग तिथियों में करीब 11 लाख 40 हजार रुपये ले लिए थे। इसके बाद करीब चार महीने तक उसे गुमराह रखा गया। उसने आरोपियों से रुपये वापस मांगे तो करीब साढ़े तीन लाख रुपये वापस कर दिए थे। उसके बाद भी आरोपियों ने उसके करीब आठ लाख रुपये हड़प लिए थे। आरोपियों के खिलाफ करनाल, कुरुक्षेत्र व कैथल में पहले भी केस दर्ज हैं। शहर थाना के जांच अधिकारी एएसआई कुलदीप ने बताया कि पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।