संवाद न्यूज़ एजेंसी
ढांड। कौल से चूहडमाजरा जाने वाली सडक़ में ठेकेदार की ओर से घटिया किस्म की सामग्री प्रयोग किए जाने से किसानों में रोष है। ग्रामीण बलवान सिंह, सतपाल सिंह, ईश्मा, जगदीश, प्रवीण कुमार, बलजीत सिंह, पवन कुमार व वेद प्रकाश ने बताया कि कौल से चूहड़-माजरा जाने वाली सड़क लोक निर्माण विभाग के अधीन आती है। इसे ठेकेदार के माध्यम से बनाया जा रहा है।
किसानों ने आरोप लगाया है कि ठेकेदार नियमों को ताक पर रख कर सडक़ बनाने का काम कर रहा है और इसमें घटिया किस्म की सामग्री का भी प्रयोग किया जा रहा है। नाराज किसानों का कहना है कि नियमानुसार सड़क को बनाने से पूर्व उसकी अच्छी तरह से सफाई की जाती है, ताकि निर्माण सामग्री की मजबूती बने रहे।
यहां तो ठेकेदार सभी नियमों को दर किनार करते हुए सड़क की सफाई करवाए बगैर ही लीपापोती करने में लगा हुआ है। किसानों का कहना है कि इस प्रकार से सडक़ बनाने का कोई फायदा नही है, क्योंकि इस प्रकार से बनाई हुई सड़क कुछ ही दिनों में टूट जाएगी। सड़क पर लगाया हुआ करोड़ों रुपया मिट्टी में मिल जाएगा।
किसानों ने बताया कि मौके पर जाकर जब काम करवा रहे कर्मचारियों से इस बात का विरोध किया तो उन्होंने कहा कि ठेकेदार की तीन साल की जिम्मेदारी है अगर सड़क तीन साल से पहले टूट गई तो ठेकेदार स्वयं इसे ठीक करके देगा। लोक निर्माण विभाग के एसडीओ रविंद्र ने कहा कि सड़क के निर्माण कार्य में अव्वल किस्म की सामग्री का प्रयोग किया जा रहा है। रही बात सडक़ पर मिट्टी की सफाई की, उसके लिए ठेकेदार से कहा गया है कि मिट्टी की सफाई अच्छी तरह से करवाने के बाद ही निर्माण कार्य करवाए। निर्माण कार्य में किसी प्रकार की कोताही बर्दाश्त सहन नहीं की जाएगी।