जींद। महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणू भाटिया मंगलवार शाम को जींद पहुंचीं और महिला थाने का निरीक्षण किया। उन्होंने जींद के तत्कालीन आईपीएस को पुलिस जांच से मिली क्लीनचिट पर संतुष्टि नहीं जताई।
उन्होंने कहा कि उनको जो रिपोर्ट मिली थी और उनके सामने जो तथ्य आए थे। उन पर उन्होंने जांच शुरू की थी, लेकिन महिला आयोग इस जांच रिपोर्ट से संतुष्ट नहीं है।
उन्होंने कहा कि आईपीएस को पुलिस जांच से क्लीनचिट मिली है। उनके पास इसका कोई तथ्य नहीं आया। अगर तत्कालीन आईपीएस निर्दोष थे तो उन्होंने उनके खिलाफ साजिश रचने वाले यूट्यूबर के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं करवाई। उन्होंने महिला थाने में पहुंचकर निरीक्षण किया। थाने में लंबित मामलों के बारे में पूछा और सदर थाना क्षेत्र के एक गांव में युवती के यौन शोषण के मामले में जानकारी ली। इसमें उन्होंने पूछा कि मामले में कितने लोगों पर एफआईआर दर्ज हुई और कितने गिरफ्तार हुए। महिला थाना प्रभारी ने बताया कि चार लोगों पर एफआईआर दर्ज हुई थी। इसमें मुख्य आरोपी सरपंच सुरेंद्र व एक महिला जिन्होंने वीडियो वायरल किया था। उनको गिरफ्तार किया है, जबकि सरपंच की पत्नी कविता व गांव का ही कृष्ण जिन्होंने मोबाइल से वीडियो बनाया था, उनकी गिरफ्तारी बाकी है। इसके बाद चेयरपर्सन रेणू भाटिया ने पीड़िता के गांव जाकर लगभग आधा घंटा तक बातचीत की। पीड़िता ने इस मामले में कुछ और नाम भी महिला आयोग की चेयरपर्सन को बताए।