जींद। प्रदेश सरकार ने नीट और एनडीए की तैयारी के लिए सुपर 100 के नाम से चलाई जा रही योजनाओं के बाद अब राष्ट्रीय प्रतिभा खोज परीक्षा एनटीएसई के लिए राजकीय स्कूलों के बच्चों को तैयार करने की योजना पर काम शुरू किया है। जिसके लिए बुनियाद नाम से प्रत्येक जिला स्तर पर केंद्र खोले जाएंगे।
शिक्षा विभाग द्वारा तैयार की गई योजना के अनुसार बुनियाद केंद्रों में कोचिंग के लिए विद्यार्थियों को दो स्तर की परीक्षाओं से गुजरना होगा। इसमें राजकीय स्कूलों की नौवीं कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थी भाग ले सकेंगे। प्रथम स्तर की परीक्षा खंड स्तरीय होगी और इसके लिए 400 बच्चों को चुना जाएगा। जबकि दूसरे स्तर की परीक्षा जिला स्तरीय होगी। इस परीक्षा के माध्यम से टॉपर 120 बच्चों का चुनाव किया जाएगा। जिनको 9वीं व 10वीं के तहत दो साल तक कोचिंग दी जाएगी। जिले स्तर पर चुने गए 120 विद्यार्थियों के दो बैच बनाए जाएंगे और प्रत्येक बैच को 2 दिन कोचिंग के लिए दिए जाएंगे। जिला शिक्षा अधिकारी मदन लाल ने बताया कि बुनियाद केंद्रों से ग्रामीण क्षेत्र के आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को फायदा होगा। प्रदेश सरकार व शिक्षा विभाग द्वारा शुरू किए गए सुपर 100 कार्यक्रम के सार्थक परिणाम सबके सामने हैं। इसके लिए डिफेंस कॉलोनी स्थित गोल स्कूल को ऑनलाइन कोचिंग सेंटर बनाया गया है।